भारत में तीन खांसी की दवाओं पर प्रतिबंध, जहरीले केमिकल से 17 बच्चों की मौत

भारत सरकार ने तीन खांसी की दवाओं पर प्रतिबंध लगा दिया है, क्योंकि इन दवाओं से जुड़ी कम से कम 17 बच्चों की मौत हो चुकी है। ये मौतें Coldrif नामक सिरप के सेवन के बाद हुईं, जिसके बाद अधिकारियों ने Respifresh TR और ReLife नाम की अन्य दो दवाओं से भी बचने की सलाह दी है, हालांकि इन दोनों का निर्यात नहीं हुआ था।
जांच में पाया गया है कि इन दवाओं में डायइथिलीन ग्लाइकोल (DEG) नाम का एक जहरीला केमिकल मौजूद था। यह एक रंगहीन और गंधहीन केमिकल होता है जो इंसानों के लिए बेहद घातक है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने चेतावनी दी है कि इस तरह के जहरीले पदार्थ अगर बिना निगरानी के बाजार में आ जाएं तो गंभीर खतरा पैदा कर सकते हैं।
Coldrif सिरप, जिसे तमिलनाडु की कंपनी Sresan Pharmaceuticals ने बनाया था, सभी 17 मौतों से जुड़ा पाया गया है। सभी मौतें मध्य प्रदेश में हुईं, जहां बच्चों को यह सिरप सरकारी अस्पतालों में दी गई थी। जांच में सामने आया कि इस सिरप में 48.6% DEG मौजूद था, जबकि भारत सरकार और WHO के नियमों के अनुसार इसकी सीमा 0.1% से ज़्यादा नहीं होनी चाहिए। यह सिरप मई 2025 में बना था और अप्रैल 2027 में एक्सपायर होना था। अब इस दवा पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है और कंपनी के मालिक को गिरफ्तार कर लिया गया है।
दूसरी दवा Respifresh TR, जो गुजरात की Rednex Pharmaceuticals कंपनी बनाती है, उसमें भी 1.342% DEG पाया गया है। हालांकि इससे किसी मौत की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सरकार ने इसे तुरंत बाजार से वापस मंगवाया है और कंपनी को उत्पादन बंद करने का आदेश दिया गया है। तीसरी दवा ReLife को भी जांच के दायरे में रखा गया है और अधिकारियों ने सभी दवा बनाने वाली कंपनियों की कड़ी निगरानी के निर्देश दिए हैं।





