दिल्ली-NCR में भीषण गर्मी का अलर्ट: आज 46°C तक पहुंच सकता है पारा, IMD ने जारी किया ऑरेंज अलर्ट

New Delhi: दिल्ली-NCR में गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि बुधवार को राजधानी और आसपास के इलाकों में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।
मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की संभावना नहीं है और उत्तर भारत के कई हिस्सों में हीटवेव की स्थिति बनी रह सकती है।
दिल्ली में इस सीजन का सबसे गर्म दिन
मंगलवार को दिल्ली में गर्मी ने नया रिकॉर्ड बनाया। सफदरजंग वेधशाला में अधिकतम तापमान 45.1°C दर्ज किया गया, जो सामान्य से 4.7 डिग्री अधिक रहा और इस साल का अब तक का सबसे अधिक तापमान माना गया।
राजधानी के कई अन्य इलाकों में स्थिति और ज्यादा गंभीर रही:
- रिज क्षेत्र: 46.5°C
- आयानगर: 45.5°C
- लोधी रोड: 45.2°C
इसके साथ ही दिल्ली में इस वर्ष चौथा हीटवेव दिवस दर्ज किया गया।
AQI भी बिगड़ा, हवा की गुणवत्ता खराब
भीषण गर्मी के बीच राजधानी की हवा की गुणवत्ता भी प्रभावित हुई। मंगलवार शाम तक दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 208 दर्ज किया गया, जो 28 अप्रैल के बाद सबसे खराब स्तर माना जा रहा है।
गर्मी और खराब हवा का यह दोहरा असर लोगों के स्वास्थ्य पर भी प्रभाव डाल सकता है।
कब घोषित होती है हीटवेव?
IMD के अनुसार, किसी क्षेत्र में तापमान 45°C से अधिक पहुंच जाए या सामान्य से 4.5°C या उससे ज्यादा ऊपर बना रहे, तो उसे हीटवेव माना जाता है।
फिलहाल दिल्ली-NCR और उत्तर भारत के कई हिस्से इन मानकों को पूरा कर रहे हैं।
उत्तर भारत के कई राज्यों में भी गर्मी का अलर्ट
मौसम विभाग ने बताया कि पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी बनी रह सकती है। इसके साथ तेज सतही हवाएं चलने की भी संभावना जताई गई है।
उत्तर प्रदेश का बांदा जिला देश का सबसे गर्म क्षेत्र दर्ज किया गया, जहां तापमान 47.6°C तक पहुंच गया।
25 मई तक बनी रह सकती है हीटवेव
IMD के अनुसार उत्तर और मध्य भारत में 25 मई तक गर्म हवाओं और ऊंचे तापमान का दौर जारी रह सकता है। हालांकि गुजरात के कुछ इलाकों में हल्की राहत मिलने की संभावना है।
दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर में अलग मौसम का असर
जहां उत्तर भारत गर्मी से जूझ रहा है, वहीं दक्षिण भारत में मौसम बिल्कुल अलग तस्वीर दिखा रहा है।
दक्षिण-पश्चिम मानसून की जल्द दस्तक के कारण केरल, तटीय कर्नाटक और तमिलनाडु के कई इलाकों में भारी बारिश दर्ज की जा रही है।
वहीं पूर्वोत्तर भारत में 22 मई से भारी बारिश और बाढ़ का खतरा बढ़ने की संभावना जताई गई है।
गर्मी से बचाव के लिए क्या करें?
- दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें
- पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं
- हल्के और ढीले कपड़े पहनें
- बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें
- धूप में लंबे समय तक रहने से बचें
भारत इस समय मौसम के दो चरम रूप देख रहा है — उत्तर में भीषण गर्मी और दक्षिण व पूर्वोत्तर में भारी बारिश।





