राहुल गांधी ने शुरू किया ‘छात्रों की गूंज’ अभियान, छात्रों से मांगे सुझाव और समर्थन

नई दिल्ली: कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर एक हस्ताक्षर अभियान शुरू किया। इस अभियान का नाम ‘छात्रों की गूंज’ रखा गया है। इसका उद्देश्य छात्रों की समस्याओं और मांगों को सीधे सरकार तक पहुंचाना है।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस अभियान की जानकारी साझा करते हुए छात्रों से इसमें शामिल होने की अपील की। उन्होंने कहा कि अगर किसी छात्र को पेपर लीक, परीक्षा से जुड़ी गड़बड़ियों या बढ़ती फीस की वजह से परेशानी हुई है, तो यह अभियान उसकी आवाज बनने का प्रयास करेगा।
उन्होंने कहा कि कई परिवार अपने बच्चों की पढ़ाई के लिए जीवनभर की बचत खर्च कर देते हैं, लेकिन मौजूदा शिक्षा व्यवस्था छात्रों के सपनों को पूरा करने के बजाय कई बार उन्हें निराश करती है। ऐसे छात्रों को अपनी बात रखने के लिए इस अभियान से जुड़ना चाहिए। राहुल गांधी ने छात्रों से अपील की कि वे अभियान के लिंक पर जाकर अपना नाम दर्ज करें, अपने सुझाव साझा करें और याचिका पर हस्ताक्षर करें। उन्होंने कहा कि जितने ज्यादा लोग इस अभियान से जुड़ेंगे, छात्रों की आवाज उतनी ही मजबूत होगी।
यह अभियान हाल ही में राजस्थान के कोटा में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ महासभा के बाद शुरू किया गया है। इस कार्यक्रम में राहुल गांधी ने छात्रों से पेपर लीक, परीक्षा प्रणाली, बेरोजगारी और शिक्षा से जुड़े अन्य मुद्दों पर चर्चा की थी। कोटा में अपने संबोधन के दौरान राहुल गांधी ने कहा था कि देश की वर्तमान शिक्षा व्यवस्था छात्रों पर आर्थिक और मानसिक दबाव बढ़ा रही है। उन्होंने इसे “चयन प्रणाली” के बजाय “अस्वीकृति प्रणाली” बताते हुए कहा कि इसमें सुधार की जरूरत है।
राहुल गांधी ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए जो छात्रों को अवसर दे और उनके भविष्य को बेहतर बनाए। इसी उद्देश्य से ‘छात्रों की गूंज’ अभियान शुरू किया गया है, ताकि छात्रों की समस्याओं और सुझावों को एक मंच मिल सके।





