दिल्ली और पटना में बारिश से फीका पड़ा दशहरा उत्सव, रावण दहन में आई रुकावट

दिल्ली-एनसीआर और बिहार में दशहरा उत्सव के दौरान तेज बारिश ने माहौल बिगाड़ दिया। रावण दहन के समय से ठीक पहले हुई झमाझम बारिश के चलते दिल्ली के आईपी एक्सटेंशन और पटना के गांधी मैदान में रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के विशालकाय पुतले भीगकर खराब हो गए।
आईपी एक्सटेंशन पर भीग रहे पुतले और बारिश से बचते लोग pic.twitter.com/TzsQHF4cIX
— Pooja TRIPATHI (@PoojaT189) October 2, 2025
दिल्ली में रद्द हुआ पीएम मोदी का कार्यक्रम
दिल्ली के आईपी एक्सटेंशन स्थित उत्सव ग्राउंड में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहली बार यमुनापार में दशहरा मनाने वाले थे। यहां वह मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, केंद्रीय राज्यमंत्री हर्ष मल्होत्रा और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा के साथ रावण दहन करने वाले थे। लेकिन बारिश के कारण कार्यक्रम रद्द करना पड़ा। बारिश से न सिर्फ पुतले भीग गए बल्कि शाम 6.30 बजे तक मैदान की लाइट भी नहीं जलाई जा सकी। पीएम की अनुपस्थिति से कलाकारों और दर्शकों में निराशा देखी गई। यहां पहलगाम के आतंकियों का प्रतीकात्मक पुतला भी जलाया जाना था।
इस मौके पर दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। अर्धसैनिक बल समेत 500 पुलिसकर्मी तैनात थे। समिति के पदाधिकारियों के अनुसार पुलिस ने 5500 लोगों को अनुमति दी थी, जिसमें केवल आमंत्रण पत्रधारक वीआईपी दर्शकों को प्रवेश मिलना था।
पटना में भी बारिश से बिगड़ा कार्यक्रम
उधर, पटना के गांधी मैदान में दशहरा उत्सव के दौरान अचानक बारिश शुरू हो गई। भारी बारिश से आतिशबाजी से लैस पुतले गल गए और रावण का सिर जलने से पहले ही टूटकर लटक गया। बारिश से लोगों का उत्साह फीका पड़ गया और लोग मैदान में इधर-उधर भागने लगे। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी इस कार्यक्रम में शामिल होने वाले थे। बारिश की वजह से रावण दहन में देरी हुई और तय समय 5:45 बजे पर इसे संपन्न करने की घोषणा की गई।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार बिहार में अगले 4-5 दिनों तक मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा और कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है। विभाग ने वज्रपात को लेकर भी अलर्ट जारी किया है। पिछले 24 घंटे में पटना, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, बेगूसराय, वैशाली और अन्य जिलों में जलजमाव की स्थिति बनी है। बारिश के चलते दशहरा का उल्लास जरूर फीका पड़ा है, लेकिन लोग अब भी उम्मीद लगाए बैठे हैं कि मौसम साफ होने के बाद रावण दहन का कार्यक्रम पूरी तरह संपन्न हो सकेगा।





