पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत का कड़ा रुख, इटली और ADB से पाकिस्तान को फंडिंग रोकने की मांग

22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए दर्दनाक आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। इस हमले में 26 लोगों की जान गई थी, जिनमें अधिकतर पर्यटक शामिल थे। अब भारत ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर पाकिस्तान को घेरना शुरू कर दिया है।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इटली के मिलान में आयोजित 58वीं एशियन डेवलपमेंट बैंक (ADB) की सालाना बैठक में इटली के वित्त मंत्री जियानकार्लो जियोर्जेटी से मुलाकात की। इस दौरान भारत ने साफ शब्दों में कहा कि इटली को पाकिस्तान में चल रही वित्तीय परियोजनाओं और सहायता को तत्काल रोक देना चाहिए।
वहीं, सीतारमण ने एडीबी अध्यक्ष मासातो कांडा से भी बातचीत की और पाकिस्तान को दी जा रही फंडिंग पर चिंता जताई। सूत्रों के मुताबिक, यह मुद्दा बैठक के प्रमुख एजेंडों में से एक था।
संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (UNDP) की रिपोर्ट के अनुसार, इटली की डेवेलपमेंट कोऑपरेशन पाकिस्तान में बड़े पैमाने पर परियोजनाओं में निवेश कर रही है। भारत का मानना है कि जब तक पाकिस्तान आतंकवाद पर लगाम नहीं लगाता, तब तक उसे किसी भी प्रकार की अंतरराष्ट्रीय सहायता नहीं मिलनी चाहिए।
आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के साथ अपने राजनयिक संबंधों में कटौती की है और 1960 की सिंधु जल संधि को भी सस्पेंड कर दिया है। इससे पाकिस्तान की पानी की आपूर्ति पर बड़ा असर पड़ सकता है। साथ ही भारत अब फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) से पाकिस्तान को दोबारा ‘ग्रे लिस्ट’ में डालने की भी सिफारिश करेगा।
वित्त मंत्रालय ने बताया कि सीतारमण ने ADB बैठक में भारत के निजी क्षेत्र आधारित विकास, टैक्स सुधार, जीएसटी, और प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) योजनाओं पर प्रकाश डाला। एडीबी प्रमुख कांडा ने भारत की विकास प्राथमिकताओं में सहयोग जारी रखने और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य में ADB के पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया।





