NEET-UG पेपर लीक मामले ने सीबीआई ने की बड़ी कार्रवाई, तीन और को किया गिरफ्तार
NEET-UG पेपर लीक मामले ने सीबीआई ने की बड़ी कार्रवाई, तीन और को किया गिरफ्तार
NEET-UG पेपर लीक मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने शनिवार को बड़ा एक्शन लिया है। सीबीआई ने बीते शनिवार मास्टरमाइंड और 2 एमबीबीएस स्टूडेंट्स को अरेस्ट किया है। मीडिया रेपर्टस के मुताबिक, एमबीबीएस के दोनों छात्र सॉल्वर के रूप में काम करते थे और थे और घटना वाले दिन हजारीबाग में मौजूद थे। इन दोनों की पहचान कुमार मंगलम बिश्नोई और दीपेंद्र कुमार के रूप में हुई है और दोनों ही भरतपुर मेडिकल कॉलेज के छात्र हैं।
मिली जानकारी के अनुसार टेक्निकल सर्विलेंस टीम ने परीक्षा के दिन उनके हजारीबाग में मौजूद होने की पुष्टि की है। गिरफ्तार किया गया तीसरा शख्स शशि कुमार पासवान एक ‘ऑलराउंडर’ है जो कि सरगना को हर तरह की मदद मुहैया करा रहा था।
अधिकारियों ने बताया कि तकनीकी निगरानी ने नीट-यूजी परीक्षा के दिन हजारीबाग में सेकेंड ईयर के एमबीबीएस छात्र मंगलम बिश्नोई और फर्स्ट ईयर के मेडिकल छात्र दीपेंद्र कुमार शर्मा की मौजूदगी की पुष्टि की है। अफसरों का कहना है कि ये दोनों कथित तौर पर पंकज कुमार नामक इंजीनियर की ओर से चुराए गए पेपर के लिए सॉल्वर के रूप में काम कर रहे थे, जिसे पहले गिरफ्तार किया जा चुका है।
इससे पहले शुक्रवार (19 जुलाई 2024) को सीबीआई ने रांची के राजेंद्र इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (RIMS) की एमबीबीएस फर्स्ट ईयर की छात्रा सुरभि कुमारी को कथित तौर पर सॉल्वर मॉड्यूल का हिस्सा होने के आरोप में गिरफ्तार किया था. अधिकारियों ने कहा कि सीबीआई की ओर से दो दिनों की विस्तृत पूछताछ के बाद कुमारी को हिरासत में लिया गया था.
गौरतलब है कि नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नॉलजी जमशेदपुर (झारखंड) के 2017 बैच के सिविल इंजीनियर पंकज कुमार उर्फ आदित्य ने कथित तौर पर हजारीबाग में एनटीए ट्रंक से नीट-यूजी पेपर चुराया था। एनआईटी, जमशेदपुर से बी.टेक (इलेक्ट्रिकल) पासआउट शशिकांत पासवान उर्फ शशि उर्फ पासु इस खेल में कुमार और रॉकी के साथ मिलकर काम कर रहा था, जिन्हें पहले ही गिरफ्तार किया गया था।





