आर्मी कैप्टन के प्रपोजल पर विवाद, पूर्व सैन्य अधिकारियों ने किया समर्थन

महाराष्ट्र के नासिक में Passing Out Parade के बाद अपनी गर्लफ्रेंड को प्रपोज करने वाले नव-नियुक्त आर्मी कैप्टन भारत भारद्वाज सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बने हुए हैं। जहां एक ओर लाखों लोगों ने इस पल को भावुक और प्रेरणादायक बताया, वहीं कुछ लोगों ने सैन्य अनुशासन और सुरक्षा प्रोटोकॉल को लेकर सवाल उठाए हैं।
वायरल वीडियो में कैप्टन भारत भारद्वाज परेड के बाद हेलीकॉप्टर के पास घुटनों के बल बैठकर अपनी पार्टनर को अंगूठी पहनाते दिखाई दे रहे हैं। इस दौरान उनकी पार्टनर ने उन्हें गले लगाकर प्रस्ताव स्वीकार किया।
पूर्व सैन्य अधिकारियों ने किया बचाव
विवाद बढ़ने के बाद कई पूर्व सैन्य अधिकारियों ने युवा अधिकारी के समर्थन में खुलकर बयान दिए हैं।
सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट जनरल एच.एस. पनाग ने कहा कि सेना में ऐसे भावनात्मक पल असामान्य नहीं हैं और युवा अधिकारियों की स्वतंत्र भावना का सम्मान किया जाना चाहिए।
वहीं, सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट जनरल कंवलजीत सिंह ढिल्लों ने कहा,
“अगर देश के लिए जान देने को तैयार सैनिक अपने प्यार का इज़हार भी नहीं कर सकता, तो फिर कौन करेगा? Youngster नहीं करेगा तो कौन करेगा?”
You want the young officer to sacrifice his life for the love of the Nation, but you don’t want him to express his love for his fiancée.
In the Army we say ‘Youngster nahi karega, toh kaun karega’.
If you can not find a fault in his professional capabilities, don’t do this… pic.twitter.com/FS0G2USjiU
— KJS DHILLON🇮🇳 (@TinyDhillon) June 4, 2026
पूर्व CDS स्टाफ प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल सतीश दुआ ने भी सुरक्षा उल्लंघन के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि सेना के उपकरण कई सार्वजनिक कार्यक्रमों और प्रदर्शनियों में लोगों के लिए खुले रहते हैं, इसलिए इसे राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़ना उचित नहीं है।
Too much toxicity on social media on this pic of a young Captain proposing in front of a chopper.
On many occasions, army equipment is open to public viewing & photography. There’s is no security breach.
This young pilot lives away from family & friends quite often. Let him be. pic.twitter.com/P2Wdr6ob6F
— Lt Gen Satish Dua 🇮🇳 (@TheSatishDua) June 4, 2026
सोशल मीडिया पर दो धड़ों में बंटी राय
कुछ सोशल मीडिया यूजर्स का मानना है कि सेना के अधिकारियों को सार्वजनिक व्यवहार में अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। वहीं दूसरी ओर बड़ी संख्या में लोग इसे एक निजी और भावनात्मक पल मानते हुए कैप्टन के समर्थन में खड़े हैं।
कुछ आलोचकों ने यह भी सवाल उठाया कि क्या महिला की पहचान और सुरक्षा संबंधी जांच हुई थी या नहीं। हालांकि पूर्व सैन्य अधिकारियों का कहना है कि इस मामले को अनावश्यक रूप से बढ़ाया जा रहा है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
नासिक स्थित Combat Army Aviation Training School में आयोजित Passing Out Parade के बाद का यह वीडियो तेजी से वायरल हो गया। लाखों लोगों ने इसे प्यार, समर्पण और देशसेवा के बीच संतुलन का प्रतीक बताया।
फिलहाल यह मामला सोशल मीडिया पर बहस का विषय बना हुआ है, लेकिन सेना के कई पूर्व वरिष्ठ अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि उन्हें इस घटना में किसी बड़े अनुशासनात्मक या सुरक्षा उल्लंघन की आशंका नहीं दिखती।





