ग्रामीण क्षेत्रों में नेटवर्क सुधार: सरकार के सर्वे के बाद तेज़ काम

मध्य प्रदेश के रतलाम, झाबुआ और अलीराजपुर जिलों में अब लगभद सभी गांवों में मोबाइल नेटवर्क पहुँच गया है। नवंबर 2025 तक इन तीनों जिलों के कुल 2,450 गांवों में से 2,428 गांव मोबाइल कनेक्टिविटी से जुड़ चुके हैं।
सरकार ने बताया कि जिन गांवों में अभी भी नेटवर्क नहीं है, वहां कनेक्शन देने का काम टेलीकॉम कंपनियों द्वारा तकनीकी और व्यावसायिक स्थिति के अनुसार किया जाता है। ग्रामीण और दूरदराज़ इलाकों की स्थिति का आकलन करने के बाद जिन गांवों में कवरेज नहीं मिलता, उन्हें सर्वे किया जाता है। इसके बाद उन गांवों को डिजिटल भारत निधि (DBN) के तहत 4G मोबाइल कनेक्टिविटी योजनाओं में शामिल किया जाता है।
इन योजनाओं के तहत दूरस्थ, ग्रामीण और सीमाई क्षेत्रों में नए मोबाइल टावर लगाए जा रहे हैं। सिर्फ रतलाम, झाबुआ और अलीराजपुर जिलों में ही नवंबर 2025 तक 32 नए मोबाइल टावर शुरू कर दिए गए हैं, जिनकी बदौलत 41 गांवों में अब 4G कवरेज उपलब्ध हो गया है।
सरकार का कहना है कि आने वाले समय में शेष बचे गांवों में भी मोबाइल नेटवर्क पहुंचाने पर काम जारी रहेगा, ताकि ग्रामीण इलाकों में संचार की सुविधा और मजबूत हो सके।





