ओडिशा के सरकारी इंजीनियर के ठिकानों पर छापे में ₹2 करोड़ नकद, 14 प्लॉट और 341 ग्राम सोना बरामद

ओडिशा के सहायक कार्यपालक अभियंता (AEE) बैकुंठ नाथ बेहरा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में विजिलेंस विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये की संपत्ति और नकदी का खुलासा हुआ है।
छापेमारी में ₹2 करोड़ नकद और 341 ग्राम सोना बरामद
विजिलेंस टीम को छापेमारी के दौरान ₹2 करोड़ से अधिक नकद, 341 ग्राम सोने के आभूषण, ₹45 लाख से ज्यादा की जमा राशि और अन्य वित्तीय निवेशों की जानकारी मिली है।
पांच बहुमंजिला इमारतें और 14 प्लॉट जांच के घेरे में
जांच एजेंसी ने आरोपी और उसके परिवार के नाम पर पांच बहुमंजिला इमारतों तथा 14 उच्च मूल्य वाले प्लॉटों का पता लगाया है। इन संपत्तियों का बाजार मूल्यांकन अभी जारी है।
चार बैंक लॉकरों से मिले अहम सुराग
विजिलेंस अधिकारियों ने आरोपी और उसकी पत्नी के नाम पर चार बैंक लॉकरों की पहचान की है। इनमें से दो लॉकरों से भारी मात्रा में नकदी बरामद होने की बात सामने आई है।
कई जिलों में एक साथ हुई छापेमारी
भुवनेश्वर, बारिपदा, जाजपुर और कंधमाल समेत कई स्थानों पर एक साथ छापेमारी की गई। इस कार्रवाई में विजिलेंस विभाग की कई विशेष टीमें शामिल रहीं।
कौन हैं बैकुंठ नाथ बेहरा?
बैकुंठ नाथ बेहरा ने वर्ष 1999 में जूनियर इंजीनियर (सिविल) के रूप में सरकारी सेवा शुरू की थी। उस समय उनका मासिक वेतन लगभग ₹6,000 था। वर्तमान में वह कंधमाल जिले के बालिगुडा स्थित ITDA में सहायक कार्यपालक अभियंता के पद पर कार्यरत हैं।
संपत्तियों के मूल्यांकन और निवेश की जांच जारी
विजिलेंस विभाग सोने, बैंक खातों, डाक बचत योजनाओं और अन्य निवेशों की जांच कर रहा है। सभी संपत्तियों का अंतिम मूल्यांकन पूरा होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आय से अधिक संपत्ति मामले में बढ़ सकती हैं मुश्किलें
यदि जांच में संपत्तियां वैध आय के स्रोतों से अधिक पाई जाती हैं, तो आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक कानूनों के तहत सख्त कार्रवाई की जा सकती है।





