
सुरेंद्रनगर: Gujarat के सुरेंद्रनगर जिले से एक ऐसा हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जिसने रिश्तों को शर्मसार कर दिया है। अहमदाबाद सिटी क्राइम ब्रांच ने महीनों से ‘हादसा’ मानी जा रही एक मौत की गुत्थी को सुलझाते हुए एक महिला और उसके प्रेमी को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है। यह पूरी कहानी आपसी रिश्तों के उलझे जाल, बेवफाई और साजिश से भरी हुई है।
हिटमैन का प्लान हुआ फेल
मुख्य आरोपी महिला, जागृति गोस्वामी ने पहले अपने पति सुखदेवगिरी को छोड़कर उसके बड़े भाई शांतिगिरी गोस्वामी से भागकर शादी की थी। शादी के बाद दोनों एक नए गांव में रहने लगे, जहां शांतिगिरी ट्रक ड्राइवर के रूप में काम करता था। काम के सिलसिले में जब शांतिगिरी हफ्तों बाहर रहता था, तब उनके पड़ोस में रहने वाले कांतिलाल साबरिया नाम के व्यक्ति के साथ जागृति के प्रेम संबंध बन गए।
शांतिगिरी को रास्ते से हटाने के लिए जागृति और कांतिलाल ने सबसे पहले यूनिस नाम के एक कॉन्ट्रैक्ट किलर को ₹25,000 की सुपारी दी। यूनिस हत्या करने घर में घुसा भी, लेकिन सोते हुए शांतिगिरी को देखकर उसकी हिम्मत जवाब दे गई। उसने चालाकी से सोते हुए व्यक्ति की तस्वीर ली, जागृति को भेजी और दावा किया कि काम हो गया है। जागृति ने उसे पैसे भी दे दिए, लेकिन सुबह पति के जागने पर इस धोखाधड़ी का भंडाफोड़ हो गया।
गला घोंटकर उतारा मौत के घाट
कॉन्ट्रैक्ट किलिंग फेल होने के बाद जागृति और कांतिलाल ने खुद हत्या करने की ठानी। एक रात कांतिलाल ने शांतिगिरी का गला दबाया, जबकि जागृति ने तकिए से उसका मुंह बंद कर दिया। हत्या के बाद लाश को छुपाने के लिए उन्होंने दीपक उर्फ मुन्ना नाम के अपने एक और करीबी की मदद ली। तीनों ने शव को कार में लादकर सुरेंद्रनगर की एक नहर में फेंक दिया ताकि यह एक सामान्य डूबने का मामला लगे।
पुलिस ने शुरुआत में इसे एक दुर्घटना माना था, लेकिन क्राइम ब्रांच की खुफिया जांच में इस खौफनाक साजिश का पर्दाफाश हुआ। पुलिस ने जागृति और कांतिलाल को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है।





