West Bengal Violence: सुवेंदु अधिकारी की सख्त चेतावनी, बोले “पत्थरबाजी हुई तो मुझसे बुरा कोई नहीं होगा”

पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पार्क सर्कस-तिलजला इलाके में हुई हिंसा और पुलिस पर पथराव की घटना के बाद बड़ा बयान दिया है। मुख्यमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि राज्य में अब कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” नीति अपनाई जाएगी। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, “अगर ऐसी घटनाएं दोबारा हुईं, तो मुझसे बुरा कोई नहीं होगा।”
क्या है पूरा मामला?
रविवार को कोलकाता के पार्क सर्कस इलाके में कथित अवैध निर्माण हटाने की कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन हिंसक हो गया था। प्रदर्शनकारियों पर पुलिस और CRPF जवानों पर पत्थरबाजी करने, सरकारी वाहनों में तोड़फोड़ करने और माहौल बिगाड़ने के आरोप लगे।
इस हिंसा में 6 पुलिसकर्मी और 2 CRPF जवान घायल हुए थे। पुलिस ने कई इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
घायल पुलिसकर्मियों से मिले सुवेंदु अधिकारी
सोमवार को मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पार्क सर्कस डिप्टी कमिश्नर कार्यालय पहुंचकर घायल जवानों और पुलिस अधिकारियों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पुलिस बल की तारीफ करते हुए कहा कि जवानों ने भारी उकसावे के बावजूद संयम बनाए रखा और बड़ी घटना को टाल दिया।
उन्होंने कहा कि सरकार पूरी मजबूती से पुलिस और सुरक्षा बलों के साथ खड़ी है।
“अब बंधे हाथ-पैर वाली पुलिसिंग नहीं चलेगी”
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब पश्चिम बंगाल में “बंधे हाथ-पैर” वाली पुलिसिंग नहीं चलेगी। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि कानून के अनुसार कार्रवाई करें और किसी भी राजनीतिक दल, धर्म या समुदाय को देखकर फैसला न लें।
सुवेंदु अधिकारी ने कहा, “राज्य में धार्मिक नारों के नाम पर पत्थरबाजी और हिंसा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
कश्मीर का उदाहरण देकर कही बड़ी बात
मुख्यमंत्री ने कश्मीर का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह वहां पत्थरबाजी की घटनाओं पर रोक लगी है, उसी तरह बंगाल में भी ऐसी घटनाएं बंद होंगी।
उन्होंने कहा कि अगर किसी को पुलिस या प्रशासन से शिकायत है, तो वह कानूनी और प्रशासनिक रास्ता अपनाए, लेकिन सड़क पर उपद्रव फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
अब तक 40 लोग गिरफ्तार
सुवेंदु अधिकारी ने बताया कि मामले में अब तक करीब 40 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि जांच सीधे पुलिस कमिश्नर की निगरानी में चल रही है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार सिर्फ गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि आरोपियों को सजा दिलाने तक पूरी कानूनी प्रक्रिया पर नजर रखी जाएगी।
बंगाल में बढ़ सकती है सुरक्षा सख्ती
मुख्यमंत्री ने पुलिस बल के आधुनिकीकरण और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने का भी ऐलान किया। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार से पश्चिम बंगाल में केंद्रीय बलों की अतिरिक्त कंपनियां कुछ समय और तैनात रखने की मांग करने की बात कही।
राज्य की राजनीति में इस बयान को काफी अहम माना जा रहा है, क्योंकि हाल के दिनों में बंगाल में कानून व्यवस्था और सांप्रदायिक तनाव को लेकर लगातार राजनीतिक बयानबाजी तेज हुई है।





