Jharkhand: बेटे को ठीक करने के लिए मां ने ही ले ली बेटी की जान

Jharkhand: झारखंड के हजारीबाग से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां अंधविश्वास के चलते एक मां ने ही अपनी किशोर बेटी की हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार, यह पूरी वारदात एक तथाकथित तांत्रिक के कहने पर की गई, जिसने बेटे को ठीक करने के लिए “कुंवारी लड़की की बलि” देने की सलाह दी थी।
तांत्रिक के कहने पर किया गया खौफनाक ‘बलिदान’
मामला कुसुंभा गांव का है, जहां 24 मार्च की रात अष्टमी के दिन, जब पूरा गांव जुलूस और पूजा में व्यस्त था, लड़की की गला दबाकर हत्या कर दी गई। आरोप है कि इस वारदात में उसकी मां, एक महिला तांत्रिक और एक अन्य व्यक्ति शामिल थे।
पुलिस के मुताबिक, हत्या के बाद शव को गांव के एक बगीचे में दफना दिया गया और मामले को भटकाने के लिए गलत कहानी भी गढ़ी गई।
पुलिस ने तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार, जांच जारी
पुलिस ने इस मामले में लड़की की मां, तांत्रिक और एक अन्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि मां अपने बीमार बेटे के इलाज के लिए अक्सर उस तांत्रिक के पास जाती थी।
पोस्टमॉर्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट में साफ हुआ कि यह हत्या थी, न कि कोई और अपराध जैसा पहले बताया जा रहा था। पुलिस अब मामले की गहराई से जांच कर रही है और आरोपियों से पूछताछ जारी है।
इस घटना ने एक बार फिर अंधविश्वास और झाड़-फूंक जैसी कुप्रथाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।





