ईरान युद्ध पर संसद में S. Jaishankar का बयान: ‘फंसे भारतीयों को वापस लाने के लिए हर कोशिश’

New Delhi: ईरान और इज़राइल के बीच जारी युद्ध के बीच विदेश मंत्री S. Jaishankar ने संसद में कहा कि सरकार क्षेत्र में फंसे भारतीय नागरिकों को सुरक्षित वापस लाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।
उन्होंने बताया कि सरकार मध्य-पूर्व की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और वहां रह रहे भारतीयों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
संवाद और कूटनीति पर जोर
राज्यसभा में बोलते हुए विदेश मंत्री ने कहा कि मध्य-पूर्व में बढ़ते संकट का समाधान केवल संवाद और कूटनीति से ही संभव है।
उन्होंने कहा कि भारत चाहता है कि पश्चिम एशिया में स्थिरता बनी रहे, क्योंकि इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में भारतीय नागरिक काम करते हैं और भारत के लिए यह क्षेत्र ऊर्जा और व्यापार के लिहाज से भी बेहद महत्वपूर्ण है।
भारतीय नागरिकों की सुरक्षा पर चिंता
विदेश मंत्री ने बताया कि सरकार को इस संघर्ष में भारतीय नागरिकों के हताहत होने की जानकारी भी मिली है।
उन्होंने कहा कि दो भारतीय नाविकों की मौत हो चुकी है और एक अन्य अभी भी लापता बताया जा रहा है। सरकार लगातार स्थिति की निगरानी कर रही है और प्रभावित परिवारों के संपर्क में है।
पहले ही जारी की गई थीं एडवाइजरी
विदेश मंत्रालय Ministry of External Affairs ने पहले ही भारतीय नागरिकों के लिए यात्रा संबंधी सलाह जारी की थी।
सरकार ने जनवरी में ही लोगों को ईरान की गैर-जरूरी यात्रा से बचने और वहां रह रहे भारतीयों को भारतीय दूतावास में पंजीकरण कराने की सलाह दी थी। इसके बाद फरवरी में भी नागरिकों से जल्द से जल्द सुरक्षित स्थानों पर जाने या देश छोड़ने की अपील की गई थी।
भारतीय दूतावास कर रहा मदद
विदेश मंत्री ने बताया कि Embassy of India in Tehran ने युद्ध शुरू होने के बाद कई भारतीय छात्रों और नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में मदद की है। इसके अलावा फंसे हुए भारतीयों के लिए हेल्पलाइन भी शुरू की गई है, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
भारत के लिए क्यों अहम है यह क्षेत्र
मध्य-पूर्व भारत की ऊर्जा सुरक्षा के लिए बेहद अहम है। भारत का बड़ा हिस्सा कच्चे तेल और गैस की आपूर्ति इसी क्षेत्र से होती है।
इसके अलावा खाड़ी देशों के साथ भारत का वार्षिक व्यापार लगभग 200 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है और वहां लाखों भारतीय काम करते हैं।





