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ऑनलाइन डिलीट नहीं हो सकते वोटर… चुनाव आयोग का राहुल गांधी के आरोपों पर जवाब

राहुल गांधी की ओर से लगाए आरोपों पर चुनाव आयोग की ओर से जवाब दिया गया है. आयोग ने कहा कि किसी भी वोटर को ऑनलाइन डिलीट नहीं किया जा सकता. इलेक्शन कमिशन ने कहा कि राहुल गांधी के सारे आरोप आधारहीन और गलत हैं.

भारत के चुनाव आयोग ने ट्वीट कर लिखा, “लोकसभा के नेता राहुल गांधी द्वारा लगाए गए आरोप गलत और निराधार हैं. किसी भी वोट को जनता के किसी भी सदस्य द्वारा ऑनलाइन नहीं हटाया जा सकता है, जैसा कि राहुल गांधी ने गलत धारणा बनाई है. प्रभावित व्यक्ति को सुनवाई का अवसर दिए बिना कोई भी विलोपन नहीं हो सकता है. 2023 में, अलंद विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं को हटाने के कुछ असफल प्रयास किए गए थे और मामले की जांच के लिए ईसीआई के प्राधिकारी द्वारा स्वयं एक प्राथमिकी दर्ज की गई थी. रिकॉर्ड के अनुसार, अलंद विधानसभा क्षेत्र 2018 में सुभाध गुट्टेदार (भाजपा) और 2023 में बीआर पाटिल (कांग्रेस) ने जीता था.”

राहुल गांधी ने कर्नाटक की आलंद सीट का उदाहरण देते हुए कहा था कि एक नंबर का इस्तेमाल करते हुए 10 से 12 नंबर डिलीट हुए. वहीं चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि कोई भी व्यक्ति किसी का नाम वोटर लिस्ट से हटाया नहीं जा सकता. आयोग के सूत्रों का कहना है कि जल्दी ही कांग्रेस के आरोपों का जवाब देने के लिए एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की जाएगी. आलंद सीट पर वोटरों के नाम डिलीट किए जाने के आरोपों पर भी इलेक्शन कमिशन ने जवाब दिया है. आयोग ने कहा कि इस मामले का हमने संज्ञान लिया था और इस मामले में इलेक्शन कमिशन ने खुद एफआईआर कराई थी.

बता दें कि राहुल गांधी का कहना है कि वह लगातार चुनाव आयोग को घेरते रहेंगे. उन्होंने कहा कि अभी जो हमने पेश किया है, वह हाइड्रोजन बम नहीं है. राहुल गांधी ने कहा कि मैं हर बात पूरी सच्चाई के साथ कहता हूं और दावे के पीछे सबूत का आधार होता है.

उन्होंने यह भी कहा कि चुनाव आयोग में हमारे आदमी हैं. अब चुनाव आयोग के अंदर से हमें ‘वोट चोरी’ की जानकारी मिलने लगी है.

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