इंडियाज गॉट लेटेंट’ विवाद: अश्लील टिप्पणी मामले में पुलिस की जांच तेज, शो के सभी जजों पर FIR

मुंबई पुलिस ने ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ शो में माता-पिता को लेकर किए गए अश्लील कमेंट के मामले में जांच तेज कर दी है। साइबर सेल ने जानकारी दी थी कि इस मामले में 30-40 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। ताजा अपडेट के मुताबिक, शो के ‘मेंबर्स ओनली’ यूट्यूब चैनल पर जारी किए गए सभी छह एपिसोड में शामिल सभी जजों के खिलाफ FIR दर्ज हो चुकी है।
इस मामले में कॉमेडियन भारती सिंह, उर्फी जावेद, राखी सावंत, दीपक कलाल, रैपर रफ्तार, हर्ष लिम्बाचिया समेत सभी 30-40 आरोपियों को समन जारी किया गया है। इसके अलावा, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अपूर्वा मखीजा ने बुधवार को पुलिस के सामने अपना बयान दर्ज कराया है। इससे पहले, मंगलवार को यूट्यूबर आशीष चंचलानी ने भी अपना बयान दिया था।
आशीष चंचलानी और अपूर्वा मखीजा ने पुलिस को दिए अपने बयान में स्पष्ट किया कि ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ स्क्रिप्टेड शो नहीं है। उन्होंने बताया कि जजों को खुलकर राय देने की छूट दी जाती है और शो के कंटेंट को सोशल मीडिया पर पोस्ट करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। हालांकि, जजों को इसके लिए कोई भुगतान नहीं किया जाता। शो में बतौर दर्शक शामिल होने के लिए टिकट खरीदने की जरूरत होती है, और उसी टिकट बिक्री से होने वाली कमाई विनर को दी जाती है।
बताया जा रहा है कि शो के छठे एपिसोड में यूट्यूबर रणवीर अल्लाबादिया ने माता-पिता को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। इस एपिसोड में शो के होस्ट समय रैना के साथ अपूर्वा मखीजा, आशीष चंचलानी और जसप्रीत सिंह बतौर जज मौजूद थे।
मामले में पहली FIR असम में दर्ज हुई थी, जिसके बाद असम पुलिस की एक टीम मुंबई पहुंची है। मंगलवार को पुलिस ने रणवीर अल्लाबादिया के वर्सोवा स्थित घर पर समन भेजा था। संभावना जताई जा रही है कि वह बुधवार शाम या गुरुवार को खार पुलिस स्टेशन में अपना बयान दर्ज करवा सकते हैं।
इस विवाद में शो के होस्ट समय रैना भी आरोपी हैं, लेकिन वह फिलहाल विदेश में हैं। उनके वकील ने मुंबई पुलिस को जानकारी दी है कि वह 17 मार्च को भारत लौटेंगे। वकील ने पुलिस को समय रैना का ट्रैवल टिकट और शेड्यूल भी सौंपा है। पुलिस उनके लौटने का इंतजार कर रही है, क्योंकि उनके पास ही शो का अनकट फुटेज है, जिसे जांच के लिए जब्त किया जाएगा।
राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए रणवीर अल्लाबादिया, समय रैना और अन्य को समन जारी किया है। आयोग ने उन्हें 17 फरवरी को पेश होने के निर्देश दिए हैं।
इस विवाद ने संसद तक भी पहुंच बना ली है। शिवसेना (UBT) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी समेत कई सांसदों ने IT संसदीय समिति से इस मामले में कार्रवाई की मांग की है। साथ ही, ऐसे शो के लिए सख्त गाइडलाइन्स जारी करने की अपील की गई है।
खार पुलिस ने इस केस में शामिल सभी आरोपियों और शो से जुड़े अन्य लोगों से संपर्क किया है। पुलिस ‘बुकमायशो’ से भी संपर्क कर रही है, ताकि शो में शामिल दर्शकों की लिस्ट हासिल की जा सके। यह एपिसोड 14 नवंबर को शूट हुआ था और 8 जनवरी को यूट्यूब पर रिलीज किया गया था।
अब सबकी नजरें इस मामले में आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हैं।





