ताज़ा खबरेंभारतराजनीती

उत्तर प्रदेश: चंडीगढ़ की युवती के साथ अंतर-धार्मिक विवाह करने पहुंचा युवक, कोर्ट से ही पुलिस ने किया गिरफ्तार

जब से उत्तरप्रदेश सरकार ने लव जिहाद को लेकर कानून लाया है तबसे प्रदेश में अंतर-धार्मिक विवाह यानी ‘Inter Religious Marriage’ करने वालों के हालात टाइट है। बीते दिनों लखनऊ में एक शादी रुकवाने के बाद अब अलीगढ़ की सिविल लाइंस पुलिस ने अंतर-धार्मिक विवाह के लिए पहुंचे चंडीगढ़ के एक युवक को कोर्ट से गिरफ्तार कर लिया।

दरअसल युवक गुरुवार को चंडीगढ़ की युवती के साथ दीवानी न्‍यायालय में विवाह के लिए पहुंचा था, जिसके बाद पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर लिया है।

ये भी पढ़े : Farmers’ Protest LIVE: 4 मंत्रियों के साथ 2 घंटे चली मोदी की बैठक, अब दोपहर दो बजे किसानों के साथ केंद्र की होगी बातचीत

एक वीडियो भी वायरल।

इससे संबंधित एक वीडियो भी वायरल हो रहा है, जो हमे अभी नहीं मिला है, जिसमें युवक को कुछ पुलिसकर्मी खींचकर ले जा रहे हैं और युवक अदालत में अपनी पिटाई का आरोप लगा रहा है। सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में युवक पुलिस कार्रवाई के बारे में शिकायत करते हुए खुद का नाम सोनू मलिक बता रहा है और उस लड़की का नाम ले रहा है जिसके साथ उसने विवाह की पहल की है। जिस युवती के साथ कथित तौर पर भागकर उसने विवाह की योजना बनाई उसे भी महिला पुलिस ने पकड़ लिया।

अब मामला भी दर्ज।

इस संदर्भ में सिविल लाइंस के क्षेत्राधिकारी अनिल समानिया के मुताबिक चंडीगढ़ में युवक के खिलाफ युवती को जबरन अपने कब्‍जे में रखने का मामला दर्ज किया गया है। उन्‍होंने कहा कि गिरफ्तार आरोपी चंडीगढ़ में एक दर्जी के रूप में काम कर रहा था, जहां उसने उस युवती से दोस्‍ती की।

Click here for Latest News updates and viral videos on our AI-powered smart news

For viral videos and Latest trends subscribe to NewsMobile YouTube Channel and Follow us on Instagram

Show More

न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

"न्यूज़ मोबाइल हिंदी" एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है जो पाठकों को ताज़ा ख़बरें, गहन विश्लेषण और अपडेट सरल हिंदी में उपलब्ध कराता है। यह राजनीति, खेल, तकनीक, मनोरंजन और बिज़नेस जैसे विषयों पर समाचार प्रस्तुत करता है। साथ ही, इसमें फ़ैक्ट चेक (Fact Check) सेक्शन भी है, जिसके ज़रिए झूठी या भ्रामक ख़बरों की सच्चाई सामने लाकर पाठकों को विश्वसनीय और सही जानकारी दी जाती है। इसका मक़सद है—समाचारों के बीच तथ्य और अफ़वाह में स्पष्ट अंतर दिखाना।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button