मोशी कचरा डंप हादसा: 9 मौतों के बाद ठेकेदार कंपनी पर FIR के आदेश, जांच तेज

Maharashtra News: महाराष्ट्र के पिंपरी-चिंचवड़ स्थित मौशी कचरा डंपयार्ड हादसे में अब प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। पिंपरी चिंचवड़ नगर निगम (PCMC) के आयुक्त विजय सूर्यवंशी ने हादसे की प्रारंभिक जांच जल्द पूरी करने और संबंधित ठेकेदार कंपनी के खिलाफ पुलिस मामला दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। इस हादसे में अब तक 9 लोगों की मौत हो चुकी है।
आयुक्त ने दिए FIR दर्ज करने के निर्देश
रविवार को आयोजित समीक्षा बैठक में आयुक्त विजय सूर्यवंशी ने अधिकारियों को जांच में तेजी लाने और दोषी ठेकेदार कंपनी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए। बैठक में अतिरिक्त आयुक्त कुलदीप जंगम, तृप्ति सांदभोर, विक्रांत बगाडे, संयुक्त आयुक्त मनोज लोणकर सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
इससे पहले नगर निगम ने पर्यावरण विभाग और ठेकेदार कंपनी Antony Lara Renewable को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया था।
कैसे हुआ था हादसा?
यह हादसा 8 जुलाई को दोपहर करीब 1:30 बजे हुआ था। मौशी कचरा डंपयार्ड में कचरे का विशाल ढेर अचानक एक इमारत पर गिर गया। मलबे और कचरे के नीचे कई लोग दब गए। इस दुर्घटना में 9 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हुए।
कई एजेंसियों ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना के बाद राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF), भारतीय सेना, पिंपरी चिंचवड़ नगर निगम, PMRDA फायर विभाग, पुलिस और अन्य एजेंसियों ने संयुक्त रूप से बचाव अभियान चलाया।
हादसे के तुरंत बाद 5 लोग सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे, जबकि मलबे में फंसे अन्य लोगों को निकालने के लिए कई घंटों तक राहत और बचाव कार्य जारी रहा। बचाव दल ने फंसे लोगों में से 9 लोगों को बाहर निकाला, लेकिन कई लोगों की जान नहीं बचाई जा सकी।
ठेकेदार कंपनी पर होगी कानूनी कार्रवाई
आयुक्त विजय सूर्यवंशी ने अधिकारियों से कहा कि प्रारंभिक जांच जल्द पूरी कर ठेकेदार कंपनी के खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज किया जाए। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने जताया दुख
केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास अठावले ने इस घटना को बेहद दुखद बताया। उन्होंने कहा कि असुरक्षित इमारतों को समय रहते गिराया जाना चाहिए ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
उन्होंने यह भी जानकारी दी कि सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की गई है।
जांच जारी
फिलहाल प्रशासन हादसे के सभी पहलुओं की जांच कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में किसी भी स्तर पर लापरवाही या नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.





