रूबियो और जयशंकर की बातचीत में आतंकवाद पर सख्त रुख, पाक से सहयोग की अपील

भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने बुधवार को अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो के साथ पहलगाम में हुए आतंकी हमले पर चर्चा की। जयशंकर ने स्पष्ट किया कि इस हमले के दोषियों, उनके मददगारों और साजिशकर्ताओं को न्याय के कटघरे में लाया जाना चाहिए।
डॉ. जयशंकर ने इस बातचीत की जानकारी X (पूर्व में ट्विटर) पर साझा करते हुए लिखा, “कल अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो से पहलगाम आतंकी हमले पर चर्चा हुई। इस हमले के अपराधियों, उनके समर्थकों और योजनाकारों को सज़ा दिलाना आवश्यक है।”
Discussed the Pahalgam terrorist attack with US @SecRubio yesterday. Its perpetrators, backers and planners must be brought to justice.
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) May 1, 2025
इस बातचीत में अमेरिकी विदेश मंत्री रूबियो ने भारत के साथ आतंकवाद के खिलाफ सहयोग की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने पहलगाम में हुए “भीषण आतंकी हमले” पर शोक जताते हुए दक्षिण एशिया में शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए भारत को पाकिस्तान के साथ तनाव कम करने की सलाह भी दी, अमेरिकी विदेश विभाग की प्रवक्ता टैमी ब्रूस ने बयान में कहा। इसके अलावा, रूबियो ने पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से भी फोन पर बातचीत की और इस “घृणित हमले” की जांच में सहयोग देने का आग्रह किया।
वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को हुई एक बंद कमरे की बैठक में भारतीय सशस्त्र बलों को हमले के जवाब में “पूर्ण संचालन स्वतंत्रता” प्रदान कर दी है। एक वरिष्ठ सरकारी सूत्र ने एएफपी को बताया कि पीएम मोदी ने भारतीय सेना की पेशेवर क्षमताओं पर पूर्ण विश्वास जताया है और सेना को प्रतिक्रिया के तरीके, लक्ष्य और समय तय करने की पूरी आजादी दी है।
इस उच्चस्तरीय बैठक में सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी और वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमरप्रीत सिंह भी उपस्थित रहे। उधर, पाकिस्तान सरकार ने हमले में अपनी संलिप्तता से इनकार करते हुए चेतावनी दी कि “किसी भी आक्रामक कार्रवाई का निर्णायक जवाब दिया जाएगा।”





