Eid Ul Fitr 2025: ईद पर पीएम मोदी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मुस्लिम भाईयों को दी बधाई

में रविवार (30 मार्च) को चांद दिखने के बाद सोमवार (31 मार्च) को ईद का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है. ईद-उल-फितर इस्लाम धर्म में सबसे पवित्र त्योहारों में से एक माना जात है, जिसे रमजान के पाक महीने के बाद मनाया जाता है. इस खास मौके पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ईद-उल-फितर की पूर्व संध्या पर देशवासियों को बधाई दी और कहा कि ये पर्व भाईचारे, सहयोग और करुणा की भावना को मजबूत करता है. उन्होंने कहा कि रमजान के दौरान रोजे रखने और इबादत करने के बाद ये पर्व सामाजिक बंधन को बढ़ावा देता है और हमें एक शांतिपूर्ण और समृद्ध समाज बनाने के लिए प्रेरित करता है. राष्ट्रपति ने कहा कि ये अवसर हमें दान, सहानुभूति और मानवता की भावना को और प्रोत्साहित करने की प्रेरणा देता है. उन्होंने आगे उम्मीद जताई कि ये त्योहार सबके जीवन में शांति, तरक्की और खुशियां लाए.
ईद-उल-फित्र के मुबारक मौके पर सभी देशवासियों, विशेष रूप से मुस्लिम भाईयों और बहनों को बधाई। यह त्योहार भाईचारे की भावना को मजबूत बनाता है तथा करुणा-भाव और दान की प्रवृत्ति को अपनाने का संदेश देता है। मैं कामना करती हूं कि यह पर्व सभी के जीवन में शांति, समृद्धि और खुशियां लेकर आए…
— President of India (@rashtrapatibhvn) March 31, 2025
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईद-उल-फितर के अवसर पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर देशवासियों को शुभकामनाएं दी. उन्होंने अपने संदेश में लिखा ‘ईद-उल-फितर की शुभकामनाएं. ये त्योहार हमारे समाज में आशा, सद्भाव और दयालुता की भावना को और मजबूत करे. आपकी सभी कोशिशों में खुशी और सफलता मिले. ईद मुबारक!’
Greetings on Eid-ul-Fitr.
May this festival enhance the spirit of hope, harmony and kindness in our society. May there be joy and success in all your endeavours.
Eid Mubarak!
— Narendra Modi (@narendramodi) March 31, 2025
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने भी ईद-उल-फितर के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं दी. उन्होंने कहा कि ये त्योहार हमारी सांस्कृतिक विविधता और एकता की शक्ति को दर्शाता है. ईद केवल एक धार्मिक उत्सव ही नहीं बल्कि हमारे लोकतांत्रिक मूल्यों का प्रतीक भी है. उपराष्ट्रपति ने कहा कि ये पर्व हमें एकता, करुणा और पारस्परिक सम्मान की भावना को अपनाने की प्रेरणा देता है. उन्होंने सभी नागरिकों से सद्भाव और एकता को बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि ये त्योहार हमें एक मजबूत और समृद्ध राष्ट्र के रूप में आगे बढ़ने का संकल्प लेने का अवसर देता है.





