दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को बड़ी राहत, ED के समन ना मानने के केस में राउज एवेन्यू कोर्ट ने दी जमानत
नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल आज राउज एवेन्यू कोर्ट पहुंचे. दिल्ली एक्साइज पॉलिसी मामले के संबंध में ईडी की दो शिकायतों के आधार पर अदालत द्वारा उन्हें जारी किए गए समन के बाद वे ACMM दिव्या मल्होत्रा के सामने पेश हुए. वहीं दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट ACMM ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को 15,000 रुपए के निजी मुचलके और 1 लाख रुपए की ज़मानत राशि पर बेल दे दी है.
बता दें कि राउज एवेन्यू कोर्ट की ACMM दिव्या मल्होत्रा ने ED द्वारा दायर दोनों शिकायतों में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को जमानत दी है.
राउज एवेन्यू कोर्ट की ACMM दिव्या मल्होत्रा ने ED द्वारा दायर दोनों शिकायतों में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को जमानत दी। https://t.co/MFyaPiEr4B
— NewsMobile Samachar (@NewsMobileHindi) March 16, 2024
दरअसल कोर्ट ने दिल्ली आबकारी नीति मामले से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग केस में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की शिकायत पर सीएम केजरीवाल को जारी समन पर रोक लगाने से शुक्रवार को इनकार कर दिया था. इस मामले में ईडी ने दो एप्लीकेशन लगाई थी. ऐसे में कोर्ट ने दोनों एप्लीकेशन के लिए अलग-अलग बेल बॉन्ड भरने का निर्देश दिया है. इस तरह सीएम केजरीवाल को इन दोनों मामलों में यानी 30000 रुपये का निजी मुचलका और 2 लाख का सिक्योरिटी बॉन्ड भरना होगा.
AAP पार्टी के लीगल हेड संजीव नासियार ने कहा, “अदालत ने मुख्यमंत्री (अरविंद केजरीवाल) को तलब किया था. पिछली बार जब उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इसमें भाग लिया तो जब उन्हें दोबारा निर्देशित किया गया तो उन्होंने कहा कि वह शारीरिक रूप से उपस्थित होंगे. वे आज पेश हुए और बेल बॉन्ड जमा किया. ज़मानत मंजूर हो गई… ED के समन के संबंध में हमारा रुख स्पष्ट है कि वे कानून के अनुरूप नहीं हैं और अवैध हैं. अब ये कोर्ट तय करेगी… हमें न्यायालय पर पूरा भरोसा है. अदालत जो भी निर्णय लेगी, हमारा निर्णय उसी के अनुरूप होगा…”
गौरतलब है कि ईडी अभी तक केजरीवाल को 8 समन जारी कर चुकी है. दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने अरविंद केजरीवाल को समन जारी कर 16 मार्च को पेश होने को कहा था. ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग जांच में समन का पालन नहीं करने के लिए अरविंद केजरीवाल के खिलाफ मुकदमा चलाने का अनुरोध करते हुए अदालत में नई शिकायत दर्ज कराई थी.





