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उन्नाव रेप कांड: सुप्रीम कोर्ट ने सड़क हादसे की जांच के लिए सीबीआई को दिया दो और हफ्ते का समय

सुप्रीम कोर्ट ने उन्नाव रेप पीड़िता के साथ हुए सड़क हादसे से संबंधी मामले की जांच पूरी करने के लिए सीबीआई को दो सप्ताह का समय और अतिरिक्त समय दिया है. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने एक हफ्ते के भीतर मामले की जांच के निर्देश दिए थे.

सोमवार को इस मामले की सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने दो टूक कहा कि सीबीआई दो हफ्ते के भीतर इस मामले की जांच पूरी करे. इसके अलावा कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार को सड़क हादसे में घायल हुए वकील को पांच लाख रुपए देने को कहा. वकील की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है.

जस्टिस दीपक गुप्ता और जस्टिस अनिरुद्ध बोस की एक पीठ ने सीबीआई की चार सप्ताह का समय और देने की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए यह निर्देश दिया.

सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान कोर्ट ने दुष्कर्म पीड़िता और उसके परिजनों को कहा,’आप सार्वजनिक बयान देने से बचें क्योंकि इससे एक तरह से आरोपी की ही मदद होगी. कोर्ट ने साथ ही ये भी कहा कि यदि आपको कुछ कहना है तो अपने वकील के जरिए सुप्रीम कोर्ट को बताएं, हम उस पर विचार करेंगे.’

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दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने पिछले दिनों सख्त रुख अपनाते हुए इस केस से जुड़े सभी पांच मामलों को दिल्ली ट्रांसफर करने का निर्देश दिया था. सुप्रीम कोर्ट ने इसके साथ ही केस की रोजाना सुनवाई करते हुए 45 दिन की डेडलाइन भी तय कर दी है.

इसके बाद ही सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई को सड़क हादसे की छानबीन भी एक हफ्ते के अंदर पूरी करने का आदेश दिया. अब सर्वोच्च न्यायालय ने सीबीआई को दो सप्ताह की और मोहलत दे दी है.

इस मामले को सुप्रीम कोर्ट ने भी संज्ञान में लिया और 1 अगस्त को बड़ा फैसला लेते हुए इससे जुड़े सभी मामलों को उत्तर प्रदेश से बाहर ट्रांसफर करने का आदेश दिया और जांच अधिकारियों से स्टेटस रिपोर्ट भी मांगी. इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट ने यूपी सरकार को आदेश दिया कि वह पीड़िता को तुरंत 25 लाख का मुआवजा दे.

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