“यह लड़ाई किसी एक महिला को न्याय दिलाने के लिए नहीं बल्कि सभी महिलाओं की सुरक्षा की है” कोलकाता डॉक्टर केस पर बोली लखनऊ PGI की महिला डॉक्टर

“यह लड़ाई किसी एक महिला को न्याय दिलाने के लिए नहीं बल्कि सभी महिलाओं की सुरक्षा की है” कोलकाता डॉक्टर केस पर बोली लखनऊ PGI की महिला डॉक्टर
कोलकाता में बीती 9 अगस्त को ट्रेनी महिला डॉक्टर के साथ हुई घटना को लेकर देश के कई राज्यों में डॉक्टर्स प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी क्रम में लखनऊ के SGPGI में भी डॉक्टर्स ने विरोध प्रदर्शन किया, जहाँ डॉक्टर्स ने सरकार से न्याय की गुहार लगाते हुए जमकर नारे बाजी की। डॉक्टरों की बड़ी तादाद ने अपनी सुरक्षा को लेकर सरकार से मांग की और कोलकाता घटना की निंदा करते हुए आगे ऐसी घटना ना हो इस पर सरकार से सख्त इंतजाम और कानून बनाने की भी मांग की।

न्यूज़मोबाइल की टीम ने पीजीआई की एक महिला डॉक्टर से महिलाओं के खिलाफ हो रहे अपराध और उनकी सुरक्षा को लेकर बात की इस दौरान उन्होंने कहा कि अभी तक भारत में जो घटना होती थी वह कहीं बाहर होती थी, लेकिन इस बार यह पहला ऐसा मामला है जहां किसी महिला के साथ उसके वर्कप्लेस पर ही उसके साथ ऐसी हैवानियत हुई। इसलिए इस मामले जल्द से जल्द न्याय चाहिए और आरोपियों के खिलाफ शक्त कार्रवाई हो।
न्यूज़मोबाइल से बातचीत में महिला डॉक्टर ने कहा कि हमारा यह विरोध प्रदर्शन किसी एक महिला को न्याय दिलाने के लिए नहीं बल्कि इस देश की सभी महिलाओं के लिए हैं, जो इस देश में आज़ादी से रहना चाहती है।

एक दूसरी महिला डॉक्टर ने कहा कि सरकार को इस मामले के मुख्या आरोपी को फांसी देकर देश को एक उदाहरण देना चाहिए कि ऐसे अपराधों की सजा सिर्फ फांसी ही होगी। डॉक्टर ने कहा कि कोलकाता वाले मामले को कुछ ही दिन हुए थे, कि उसके तुरंत बाद उत्तराखंड में एक नर्स के साथ भी रेप की वारदात की खबर सामने आगयी है। उन्होंने कहा कि सरकार के लिए महिलाओं की सुरक्षा सबसे अहम मुद्दा होना चाहिए।

इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत में रेप जैसे अपराधों की घटना हमें अक्सर सुनने को मिलती है और हम लोग बस हड़ताल और विरोध प्रदर्शन करके भूल जाते हैं। लेकिन इस बार ऐसा नहीं होगा, अब सिस्टम बदलना पड़ेगा और अब हमें सरकार से ऐसा कानून चाहिए ऐसा प्रोटेक्शन लॉ चाहिए जो यह सुनिश्चित करें कि एक महिला सुरक्षित और सिक्योर है। उन्होंने कहा कि कोलकाता जैसी घटना के बाद तो अब हम बिलकुल स्वतंत्र रूप से काम नहीं कर पाएंगे हर वक़्त हमें और हमारे परिवार को यह चिंता लगी रहेगी कि हम सेफ हैं या नहीं।

कोलकाता मामले को लेकर लखनऊ PGI डॉक्टर्स ने कहा कि सरकार इस मामले को गंभीरता से ले और जांच में तेजी लाए, इसके साथ ही डॉक्टर्स ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तंज कस्ते हुए कहा कि यह कैसी विडंबना है कि ममता बनर्जी खुद ही इस मामले को लेकर प्रोटेस्ट कर रही थी।
डॉक्टर बोलीं कि जब एक महिला मुख्यमंत्री के होते हुए भी एक महिला सुरक्षित नहीं तो कैसे कोई महिला भारत में स्वतंत्रता दिवस माना सकती है। उन्होंने कहा कि यह सोचने की बात है कि आजादी के 78 साल बाद भी एक महिला आज़ाद नहीं है।

इसके साथ ही डॉक्टर्स ने केंद्र सरकार से मांग कि साल 2019 से जो हेल्थ केयर प्रोटेक्शन एक्ट है अभी भी लंबित हैं उसे कड़े कानूनों के जल्द से जल्द लागू किया जाए। उन्होंने कहा कि इस एक्ट से कोलकाता जैसी घटनों पर रोक लगेगी इसके साथ ही डॉक्टर्स के खिलाफ किसी भी घटना पर जांच में होने वाली देरी से भी छुटकारा मिलेगा।





