ईरान का बड़ा दावा: बहरीन और कुवैत में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर किया मिसाइल और ड्रोन हमला
तेहरान ने इसे अपने दक्षिणी प्रांतों पर अमेरिकी हमलों का बदला बताया है।

तेहरान: मध्य पूर्व में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। ईरान ने दावा किया है कि उसने बहरीन और कुवैत में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन से हमला किया है। ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी ‘फार्स न्यूज’ के अनुसार, यह कार्रवाई देश के दक्षिणी प्रांतों में अमेरिकी हमलों के जवाब में की गई है।
अमेरिकी ठिकानों को बनाया निशाना
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने बहरीन और कुवैत में 85 प्रमुख अमेरिकी सैन्य सुविधाओं को निशाना बनाकर एक बड़ा संयुक्त मिसाइल और ड्रोन अभियान चलाया। इसमें बहरीन में स्थित अमेरिकी पांचवां बेड़ा (US Fifth Fleet) और कुवैत का अली अल सलेम एयर बेस शामिल हैं। इसके अलावा, ईरान ने बहरीन में ‘शेख ईसा एयर बेस’ पर ड्रोन हमले की भी पुष्टि की है।
क्या है इस तनाव की वजह?
यह ताजा घटनाक्रम तब हुआ है जब अमेरिका के सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने मंगलवार (7 जुलाई) को ईरान के अंदर 80 से अधिक सैन्य ठिकानों पर सटीक हमले करने की पुष्टि की थी। अमेरिका का कहना है कि यह कार्रवाई होर्मुज जलडमरूमध्य में तीन वाणिज्यिक जहाजों पर हुए ईरानी हमलों के जवाब में की गई है।
ईरान का दावा
अमेरिकी ड्रोन को मार गिराया इसके साथ ही, ईरान ने यह भी दावा किया है कि उसके वायु रक्षा प्रणालियों (Air Defence System) ने बुशहर प्रांत के ऊपर उड़ रहे एक अमेरिकी MQ-9 ड्रोन को मार गिराया है। ईरानी अधिकारियों ने इसे अमेरिकी आक्रामकता के खिलाफ अपनी रक्षात्मक कार्रवाई बताया है।
दूसरी ओर, ईरानी संसद के अध्यक्ष गालिबफ ने सोशल मीडिया पर चेतावनी देते हुए कहा कि “धौंस जमाने और जबरन वसूली का दौर खत्म हो गया है।” फिलहाल, इस घटनाक्रम के बाद पूरे क्षेत्र में चिंता बढ़ गई है और दोनों देशों के बीच कूटनीतिक तनाव अपने उच्चतम स्तर पर है।





