मनोरंजन

ऋतिक रोशन की ‘वॉर 2’ से एक्शन सीन लीक, जापानी मठ में तलवारबाज़ी करते दिखे सुपरस्टार

बॉलीवुड के एक्शन हीरो ऋतिक रोशन की बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘वॉर 2’ इन दिनों सुर्खियों में है। हाल ही में फिल्म का एक सीन इंटरनेट पर लीक हो गया है, जिसमें ऋतिक एक पारंपरिक जापानी मठ में तलवारबाज़ी करते नजर आ रहे हैं। इस शानदार सीन ने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है और फैंस की उम्मीदें अब पहले से कहीं ज्यादा बढ़ गई हैं।

लीक हुए वीडियो में ऋतिक रोशन एक शांत, खूबसूरत और रहस्यमयी जापानी मठ में पारंपरिक कटाना (जापानी तलवार) के साथ नजर आते हैं। सीन का बैकग्राउंड धुंधला और रहस्यमयी है, लेकिन इसका लुक हॉलीवुड की किसी हाई बजट एक्शन फिल्म से कम नहीं लगता। बताया जा रहा है कि यह सीन ऋतिक के किरदार की एंट्री सीन है, जहां वे एक शक्तिशाली विलेन के साथ आमने-सामने होते हैं।


सूत्रों के अनुसार यह सीन मार्च 2025 में मुंबई के अंधेरी स्थित वाईआरएफ स्टूडियो में शूट किया गया था। इस सीन के लिए एक विशेष सेट तैयार किया गया था जो लगभग 300 साल पुराने जापानी पहाड़ी मठ की तरह दिखता है। सेट पर धुंध, ऊँचे पहाड़ों और पारंपरिक जापानी स्थापत्य की बारीक डिटेलिंग को दर्शाया गया है।

इस इंटेंस एक्शन सीन के लिए ऋतिक ने कड़ी मेहनत की है। उन्होंने मार्शल आर्ट्स की ट्रेनिंग ली और कटाना तलवार चलाने की तकनीक भी सीखी। फिल्म के निर्माता आदित्य चोपड़ा और निर्देशक अयान मुखर्जी ने इस सीन को खासतौर पर डिजाइन किया है ताकि यह फिल्म का सबसे यादगार हिस्सा बन सके।

‘वॉर 2’ सिर्फ एक्शन तक सीमित नहीं है। फिल्म में ऋतिक रोशन और साउथ सुपरस्टार जूनियर एनटीआर एक धमाकेदार डांस नंबर में साथ दिखाई देंगे। दोनों ही अपने बेहतरीन डांस के लिए जाने जाते हैं। जहां ऋतिक ने ‘जय जय शिवशंकर’ (वॉर 2019) से धूम मचाई थी, वहीं जूनियर एनटीआर ने ‘नाटू नाटू’ (RRR) से ऑस्कर जीतने वाला परफॉर्मेंस दिया था।

फैंस अब बेसब्री से ‘वॉर 2’ की रिलीज़ का इंतज़ार कर रहे हैं, जो 2025 के अंत तक सिनेमाघरों में दस्तक दे सकती है।

Show More

न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

"न्यूज़ मोबाइल हिंदी" एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है जो पाठकों को ताज़ा ख़बरें, गहन विश्लेषण और अपडेट सरल हिंदी में उपलब्ध कराता है। यह राजनीति, खेल, तकनीक, मनोरंजन और बिज़नेस जैसे विषयों पर समाचार प्रस्तुत करता है। साथ ही, इसमें फ़ैक्ट चेक (Fact Check) सेक्शन भी है, जिसके ज़रिए झूठी या भ्रामक ख़बरों की सच्चाई सामने लाकर पाठकों को विश्वसनीय और सही जानकारी दी जाती है। इसका मक़सद है—समाचारों के बीच तथ्य और अफ़वाह में स्पष्ट अंतर दिखाना।
Back to top button