रामनगरी अयोध्या में हुआ ऐतिहासिक प्राण प्रतिष्ठा समारोह, भव्य राम दरबार में विराजे भगवान राम

रामनगरी अयोध्या के इतिहास में एक और गौरवशाली अध्याय जुड़ गया है। गुरुवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर परिसर में भगवान राम की भव्य प्राण प्रतिष्ठा विधिवत संपन्न हुई। वैदिक मंत्रों की गूंज, शंखध्वनि और यज्ञ की सुगंध से मंदिर परिसर में आध्यात्मिक वातावरण छा गया।
सुबह ब्रह्ममुहूर्त से ही मंदिर परिसर में आचार्यों, पंडितों और संतों की मौजूदगी में धार्मिक अनुष्ठान आरंभ हुए। दोपहर 11:30 से 12 बजे के बीच शुभ अभिजीत मुहूर्त में प्रथम तल पर स्थित राम दरबार में भगवान राम, लक्ष्मण, सीता और हनुमान सहित सात मंदिरों में देव विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा की गई। यह समारोह गंगा दशहरा के पावन अवसर पर आयोजित किया गया।
#WATCH Uttar Pradesh CM Yogi Adityanath attends Pran Pratishtha rituals of Ram Darbar at Shri Ram Janmabhoomi Temple in Ayodhya pic.twitter.com/s9iofd7hG7
— ANI (@ANI) June 5, 2025
प्राण प्रतिष्ठा के पश्चात मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी देव विग्रहों का अभिषेक किया और श्रीराम दरबार की मूर्तियों से आवरण हटाकर पहली आरती की। भगवान राम का आभूषणों से विशेष श्रृंगार किया गया। इस भव्य आयोजन में अयोध्या के 19 प्रमुख संत-धर्माचार्य, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और विश्व हिंदू परिषद के पदाधिकारी भी शामिल रहे। इससे पहले मुख्यमंत्री योगी ने हनुमानगढ़ी जाकर पूजा-अर्चना की। राम मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष के अनुसार, मंदिर का शेष निर्माण कार्य भी शीघ्र पूर्ण कर लिया जाएगा।
प्राण प्रतिष्ठा का यह आयोजन तीन दिवसीय अनुष्ठान का अंतिम चरण था, जिसकी शुरुआत 3 जून को हुई थी। आयोजन के मुख्य दिन 5 जून को राम मंदिर परिसर को फूलों और मालाओं से भव्य रूप से सजाया गया था। मुख्यमंत्री योगी और संतों के साथ-साथ देशभर से आए लगभग एक हजार विशिष्ट अतिथियों ने इस ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बनने का सौभाग्य प्राप्त किया।
रामनगरी के लिए यह दिन आस्था, संस्कृति और अध्यात्म के अभूतपूर्व संगम का प्रतीक बन गया, जब भगवान श्रीराम अपने भव्य और दिव्य मंदिर में विधिपूर्वक विराजमान हुए।





