मध्य पूर्व दौरे पर सऊदी अरब पहुंचे डोनाल्ड ट्रंप, युवराज मोहम्मद बिन सलमान ने किया स्वागत

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मंगलवार को अपने चार दिवसीय मध्य पूर्व दौरे के पहले पड़ाव पर सऊदी अरब पहुंचे। राजधानी रियाद के एयरपोर्ट पर खुद युवराज मोहम्मद बिन सलमान ने उनका स्वागत किया। इस दौरे के दौरान ट्रंप और सऊदी युवराज के बीच ईरान के परमाणु कार्यक्रम, गाजा में संघर्ष विराम, और अंतरराष्ट्रीय तेल कीमतों जैसे अहम मुद्दों पर बातचीत होने की संभावना है।
सऊदी युवराज मोहम्मद बिन सलमान ने राष्ट्रपति ट्रंप के सम्मान में रात्रिभोज का आयोजन किया है। ट्रंप, यूएस-सऊदी निवेश सम्मेलन में भी भाग लेंगे, जहां दोनों देशों के बीच व्यापारिक सहयोग पर बातचीत होगी। बुधवार को ट्रंप खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) की बैठक में शामिल होंगे, जिसमें बहरीन, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब और यूएई जैसे देश सदस्य हैं।
अमेरिका में महंगाई पर नियंत्रण रखने के लिए ट्रंप ऊर्जा कीमतों को कम रखने के पक्षधर हैं। इसी दिशा में कई तेल उत्पादक देशों ने उत्पादन बढ़ाकर कीमतें नीचे लाने में मदद की है। हालांकि, सऊदी अरब और ओपेक देशों की अर्थव्यवस्था काफी हद तक तेल पर निर्भर है, जिससे कम कीमतें उनके लिए चिंता का विषय बनी हुई हैं। फिलहाल अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 64.77 डॉलर प्रति बैरल दर्ज की गई है।
ट्रंप का यह दौरा सिर्फ सऊदी अरब तक सीमित नहीं रहेगा। वे कतर और संयुक्त अरब अमीरात का भी दौरा करेंगे। इन तीनों देशों में ट्रंप ऑर्गेनाइजेशन की रियल एस्टेट परियोजनाएं चल रही हैं – जिनमें जेद्दा में रिहायशी इमारतें, यूएई में लग्जरी होटल और कतर में गोल्फ कोर्स और विला शामिल हैं।
मध्य पूर्व दौरे के दौरान ट्रंप कृत्रिम बुद्धिमत्ता और ऊर्जा सहयोग जैसे क्षेत्रों में कई समझौते कर सकते हैं। साथ ही, सऊदी अरब को हथियारों की बिक्री के एक बड़े सौदे पर भी सहमति बनने की संभावना है। इससे पहले ट्रंप प्रशासन सऊदी अरब को 3.5 अरब डॉलर के हथियार बेचने की मंजूरी दे चुका है।





