बिहार चुनाव परिणाम: प्रशांत किशोर ने मानी पूर्ण जिम्मेदारी, समर्थकों से मांगी माफी

पटना, 18 नवंबर 2025 – बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में एक भी सीट न जीत पाने के बाद जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की. इस दौरान उन्होंने हार की संपूर्ण जिम्मेदारी अपने ऊपर लेते हुए अपने समर्थकों से माफी मांगी.
“सत्ता परिवर्तन तो दूर, व्यवस्था बदलने में असफल रहे”
प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रशांत किशोर ने कहा कि राज्य में व्यवस्था परिवर्तन की बात तो दूर की रही, सत्ता में बदलाव भी नहीं करवा सके. हालांकि, उन्होंने दावा किया कि बिहार की राजनीतिक दिशा को प्रभावित करने में उनकी पार्टी की कुछ भूमिका अवश्य रही है.
प्रशांत किशोर ने स्पष्ट रूप से कहा, “हारने की जिम्मेदारी पूर्णत: मेरी है.”
#WATCH पटना, बिहार | जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने कहा, “…हमने ईमानदार प्रयास किया है और उसमें बिल्कुल सफलता नहीं मिली। इसे स्वीकार करने में कोई बुराई नहीं है। व्यवस्था परिवर्तन की बात छोड़िए, हम सत्ता परिवर्तन भी नहीं करा सके। लेकिन बिहार की राजनीति बदलने में हमारी… pic.twitter.com/giQRi97IRM
— ANI_HindiNews (@AHindinews) November 18, 2025
जीते हुए नेताओं को दी बधाई, सौंपी जिम्मेदारी
जन सुराज के नेता ने विजयी नेताओं को बधाई देते हुए कहा कि यह सामूहिक हार है और आत्मचिंतन का वक्त है. उन्होंने कहा कि जनता ने अपने भविष्य के लिए स्वयं रास्ता चुन लिया है.
नीतीश कुमार और बीजेपी की सरकार को संबोधित करते हुए प्रशांत ने कहा कि अब उन पर यह दायित्व है कि वे अपने वादों को पूरा करें – बिहार का विकास हो, भ्रष्टाचार समाप्त हो, रोजगार के अवसर बढ़ें और राज्य से पलायन रुके.
समर्थकों से मांगी क्षमा
भावुक होते हुए प्रशांत किशोर ने कहा, “जिन लोगों ने जन सुराज के विचारों से जुड़कर सपना देखा था, जिनके मन में आशा की किरण जगी थी, उन सभी की अपेक्षाओं पर खरा नहीं उतर पाने के लिए जो दोष है वह मेरा है. इसलिए मैं विनम्रतापूर्वक माफी मांगता हूं.”
उन्होंने स्वीकार किया कि वे उस व्यवस्था को निर्मित करने में विफल रहे हैं जिसका लक्ष्य उन्होंने रखा था.
उदय सिंह का बयान: विपक्ष की भूमिका निभाएंगे
इससे पहले 15 नवंबर को जन सुराज के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय सिंह ने चुनाव परिणामों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए एनडीए को विजय की शुभकामनाएं दी थीं. उन्होंने कहा था कि चुनाव उनके मुद्दों पर ही लड़ा गया और जन सुराज अपने उद्देश्यों पर काम जारी रखेगी.
उदय सिंह ने यह भी कहा था कि विधानसभा में उपस्थित न होते हुए भी पार्टी सशक्त विपक्ष की जिम्मेदारी निभाएगी. उन्होंने अपेक्षित वोट न मिलने के पीछे का मुख्य कारण लोगों के मन में आरजेडी की पुनः सत्ता में आने का भय बताया था.





