मालवीय नगर नस्लीय टिप्पणी मामला: दिल्ली पुलिस ने आरोपी रूबी जैन को किया गिरफ्तार

नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस ने बुधवार को मालवीय नगर नस्लीय गाली-गलौज मामले में एक आरोपी रूबी जैन को गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में आरोप है कि एक दंपती ने अरुणाचल प्रदेश से आईं तीन महिलाओं के साथ नस्लीय और अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया था। पुलिस ने इस केस में अनुसूचित जाति एवं जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराएं भी जोड़ दी हैं।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, यह गिरफ्तारी मालवीय नगर थाने में दर्ज एफआईआर संख्या 68/25 के तहत की गई है। अब इस मामले की जांच एसीपी रैंक के अधिकारी कर रहे हैं और पूरे प्रकरण की निगरानी वरिष्ठ अधिकारी कर रहे हैं।
यह मामला उस वीडियो के सामने आने के बाद चर्चा में आया, जो हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। वीडियो में आरोपी हर्ष सिंह और उनकी पत्नी रूबी जैन कथित तौर पर उसी इमारत में किराये पर रहने वाली अरुणाचल प्रदेश की तीन महिलाओं के साथ गाली-गलौज करते नजर आ रहे हैं। इस घटना के बाद देशभर में नाराजगी देखने को मिली और पूर्वोत्तर राज्यों के कई नेताओं और मुख्यमंत्रियों ने सख्त कार्रवाई की मांग की।
पुलिस के मुताबिक, घटना उस समय हुई जब महिलाएं अपने फ्लैट में बिजली का काम करवा रही थीं। इस दौरान कुछ धूल नीचे रहने वाले आरोपियों के घर में चली गई, जिस पर पहले बहस हुई और फिर मामला बढ़ते-बढ़ते गाली-गलौज तक पहुंच गया।
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि दंपती ने नस्लीय और आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया, उनकी पहचान को लेकर अपमानजनक टिप्पणियां कीं, उनकी गरिमा को ठेस पहुंचाई और धमकियां भी दीं। हालांकि, किसी तरह की शारीरिक चोट की सूचना नहीं है, लेकिन महिलाओं ने मानसिक उत्पीड़न और अपमान का आरोप लगाया है।
पुलिस ने कहा, “शिकायत में बताया गया है कि आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया, महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंचाई गई और उन्हें धमकाया गया। शारीरिक चोट नहीं आई है, लेकिन मानसिक उत्पीड़न और अपमान की बात सामने आई है। मामले की जांच जारी है और कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।”
वायरल वीडियो में आरोपी दंपती महिलाओं को “मोमो” कहकर बुलाते हुए सुने जा सकते हैं और उनके बारे में आपत्तिजनक टिप्पणियां करते नजर आते हैं। वीडियो में रूबी जैन यह भी कहती दिख रही हैं कि उनके पति एक कस्टम अधिकारी और नेता के बेटे हैं। इस दौरान महिलाएं पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में इन टिप्पणियों का विरोध करती दिखती हैं।
मामले पर बढ़ते विरोध के बाद हर्ष सिंह ने सार्वजनिक रूप से माफी मांगी। उन्होंने कहा कि वे इस घटना को लेकर शर्मिंदा हैं और पुलिस जांच में पूरा सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने अपील की कि सोशल मीडिया पर किसी तरह का “मीडिया ट्रायल” न किया जाए और दोनों पक्षों की बात सुनी जाए। साथ ही उन्होंने पूरे पूर्वोत्तर के लोगों से व्यक्तिगत रूप से माफी मांगी।
#WATCH | Delhi | Accused Harsh Singh says, “We are showing complete cooperation with Delhi Police and we have complete faith that the police and Indian judiciary stand with us and will clear everything through unbiased investigation… We are definitely ashamed. I am not such a… https://t.co/8uTN5Cgs3d pic.twitter.com/snug3ZFdBh
— ANI (@ANI) February 24, 2026
दिल्ली पुलिस ने बताया कि शुरुआत में मामला महिलाओं की गरिमा भंग करने, आपराधिक धमकी देने और अलग-अलग समुदायों के बीच वैमनस्य फैलाने से जुड़ी धाराओं में दर्ज किया गया था। बाद में सबूतों की जांच के बाद इसमें एससी/एसटी एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गईं।
फिलहाल मामले की जांच जारी है और पुलिस का कहना है कि तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





