गोवा नाइटक्लब अग्निकांड: गौरव और सौरभ लूथरा दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तार

गोवा के अरपोरा स्थित ‘बिर्च बाय रोमियो लेन’ नाइटक्लब में हुए भीषण अग्निकांड के मामले में गोवा पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। नाइटक्लब के मालिक गौरव लूथरा और सौरभ लूथरा को थाईलैंड से डिपोर्ट किए जाने के बाद मंगलवार को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया।
गोवा पुलिस की एक विशेष टीम पहले से ही दिल्ली एयरपोर्ट पर मौजूद थी, जिसने इमिग्रेशन एरिया में दोनों आरोपियों को अपनी हिरासत में लिया।
आग लगने के बाद थाईलैंड भाग गए थे आरोपी
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, 6 दिसंबर को नाइटक्लब में आग लगने की घटना के अगले ही दिन दोनों भाई गोवा से भागकर थाईलैंड के फुकेत चले गए थे। इसके बाद भारत सरकार ने उनके पासपोर्ट निलंबित कर दिए और औपचारिक रूप से उन्हें वापस लाने की प्रक्रिया शुरू की गई।
थाई अधिकारियों ने दोनों को हिरासत में लेने के बाद भारत भेज दिया। मंगलवार सुबह उन्हें भारत डिपोर्ट किया गया, जिसके बाद दिल्ली पहुंचते ही उन्हें गोवा पुलिस के हवाले कर दिया गया।
अदालत में पेशी के बाद गोवा ले जाया जाएगा
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जाएगा। अदालत की अनुमति मिलने के बाद गोवा पुलिस उन्हें आगे की जांच के लिए गोवा ले जाएगी।
अधिकारियों ने बताया कि यह कार्रवाई भारत-थाईलैंड प्रत्यर्पण संधि के तहत की गई, जो वर्ष 2015 से लागू है। थाईलैंड की ओर से कहा गया है कि पूरी कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए डिपोर्टेशन किया गया।
बिना सुरक्षा इंतजामों के कराया गया था फायर शो
गोवा पुलिस ने इस मामले में 7 दिसंबर को अरपोरा-अंजुना पुलिस स्टेशन में केस दर्ज किया था। एफआईआर के अनुसार, 6 दिसंबर को नाइटक्लब में बिना जरूरी अग्निशमन उपकरणों और सुरक्षा इंतजामों के फायर शो आयोजित किया गया था।
पुलिस का आरोप है कि इसी फायर शो के दौरान आग भड़की, जिसमें 25 लोगों की मौत हो गई। मृतकों में पर्यटक और क्लब के कर्मचारी भी शामिल थे, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए।
आपातकालीन निकास की भी नहीं थी व्यवस्था
जांच में यह भी सामने आया है कि नाइटक्लब के ग्राउंड फ्लोर और डेक एरिया में आपातकालीन निकास दरवाजे मौजूद नहीं थे। पुलिस का कहना है कि इन खामियों की जानकारी होने के बावजूद दोनों आरोपियों ने फायर शो कराने की अनुमति दी, जिससे आग लगने के बाद लोगों को बाहर निकलने में भारी परेशानी हुई। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है और पुलिस इस हादसे की पूरी जिम्मेदारी तय करने में जुटी हुई है।





