ताज़ा खबरें

देश और दुनिया में सर्वर ठप होने से मचा हाहाकार, ऑफिसों में काम ठप, फ्लाइट्स पर भी असर

नई दिल्ली: देश और दुनिया में सर्वर ठप होने से हाहाकार मच गया है. मानों जिन्दगी रुक सी गई हो. न सर्वर चल रहा और न विमान उड़ान भर पा रहे हैं. माइक्रोसॉफ्ट यूजर्स को आज तकनीकी गड़बड़ी के चलते परेशानी का सामना करना पड़ा. सिस्टम में आज अचानक काम बंद हो गया और नीली स्क्रीन दिखाई देने लगी. माइक्रोसॉफ्ट में हुई गड़बड़ के चलते एयरलाइंस कंपनियों के सिस्टम में दिक्कत आई है. कई जगह सिस्टम काम नहीं कर रहे. चेक इन और बोर्डिंग पास में दिक्कत आ रही है. एयरपोर्ट पर कंपनियों के काउंटर पर भीड़ लगी हुई है. मैन्युअल प्रक्रिया अपना कर लोगों को राहत देने का  प्रयास किया जा रहा है.

 

सर्वर के काम ना करने से दिल्ली एयरपोर्ट से लेकर मुंबई एयरपोर्ट तक चेक-इन सिस्टम में दिक्कत आ रही है. इसकी वजह से फ्लाइट नहीं उड़ पा रही है. यह समस्या भारत समेत कई देशों में है.

 

सर्वर की समस्या से परेशान इंडिगो ने ट्वीट किया, “हमारे सिस्टम वर्तमान में माइक्रोसॉफ्ट आउटेज से प्रभावित हैं, जिसका असर अन्य कंपनियों पर भी पड़ रहा है. इस दौरान बुकिंग, चेक-इन, आपके बोर्डिंग पास तक पहुंच और कुछ उड़ानें प्रभावित हो सकती हैं…”

स्पाइसजेट ने ट्वीट किया, “हम वर्तमान में अपने सेवा प्रदाता के साथ तकनीकी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं, जिससे बुकिंग, चेक-इन और बुकिंग कार्यक्षमताओं सहित ऑनलाइन सेवाएं प्रभावित हो रही हैं. परिणामस्वरूप, हमने हवाई अड्डों पर मैन्युअल चेक-इन और बोर्डिंग प्रक्रियाएं सक्रिय कर दी हैं. हम आगामी यात्रा की योजना बनाने वाले यात्रियों से अनुरोध करते हैं कि वे हमारे काउंटरों पर चेक-इन पूरा करने के लिए सामान्य समय से पहले हवाई अड्डे पर पहुंचें…”

बता दें कि, शुक्रवार सुबह करीब 12 बजे तकनीकी गड़बड़ी देखी गई. इसका असर कई बड़ी कंपनियों में दिखा. इन कंपनियों में दोपहर करीब बारह बजे कई कर्मचारियों के लैपटॉप और कंप्यूटर अपने आप बंद हो गए. ये गड़बड़ी लगातर काफी देर तक देखने को मिली. इस बीच कई बार कर्मचारी के कंप्यूटर और लैपटॉप रीस्टार्ट तो हुआ लेकिन इसके कुछ देर बाद ही एक बार फिर शट डाउन हो गया. माइक्रोसॉफ्ट में ये गड़बड़ी दुनिया भर की कई जानी-मानी कंपनियों में देखा गया है.

विस्तारा ने ट्वीट किया, “हमारे सेवा प्रदाता की ओर से वैश्विक आउटेज के कारण हम अपने परिचालन के विभिन्न पहलुओं में तकनीकी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं. हम इस समस्या को जल्द से जल्द हल करने के लिए उनके साथ काम कर रहे हैं…”

Show More

One Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button