भारतराजनीति

भाजपा देशभक्त है तो करे राजीव, इंदिरा का सम्मान: प्रियंका गांधी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर निशाना साधते हुए, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने शनिवार को कहा कि अगर उनके नेता वास्तव में देशभक्त हैं, तो वे देश के शहीदों का सम्मान करेंगे, जिनमें पूर्व प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी और राजीव गांधी शामिल हैं, भले ही उनकी जाति, धर्म कुछ भी हो.

उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में एक नुक्कड़ सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अगर भाजपा के नेता, जो देशभक्ति के बारे में बड़ी-बड़ी बात करते हैं, सच्चे देशभक्त हैं तो वे देश के शहीदों का सम्मान करेंगे – चाहे वह शहीद हिंदू हो या मुस्लिम या उनके राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी का पिता। वह एक शहीद हैं।

साथ ही उन्होंने कहा कि अगर भाजपा वाले सच्चे देशभक्त होने का दम भरते हैं तो वो जिसे सम्मान देते हैं उसमे चयनात्मक नहीं हो सकते. इसलिए राजीव गांधी और इंदिरा गांधी समेत सभी शहीदों का सम्मान किया जाना चाहिए.

भाजपा पर कड़ा वार करते हुए 47 वर्षीय नेता ने यह भी कहा कि भाजपा इतनी ही देशभक्त होती तो जब किसान मुआवज़े की मांगों को लेकर दिल्ली तक चले आये थे तब उनकी मांगे पूरी क्यों नहीं की गयी. इसके अलावा भाजपा ने युवाओं को रोज़गार देने का अपना वादा क्यों नहीं निभाया. भाजपा हर इलेक्शन से पहले राष्ट्रवाद और देशभक्ति का मुद्दा उठाकर लोगों को विकास जैसे असली मुद्दों से भटकाती आयी है.

ALSO READ: बागी भाजपा नेता शत्रुघ्न सिन्हा ने थामा कांग्रेस का दामन

प्रधानमंत्री मोदी पर तंज कस्ते हुए उन्होंने कहा कि जबसे वो वाराणसी से सांसद बने हैं तबसे उन्होंने क्षेत्र के एक भी गांव में जाकर लोगों का हाल जानने की कोशिश तक नहीं की, लेकिन उनके पास विदेश घूमने का पूरा समय है.

फतेहपुर लोक सभा सीट के लिए 2019 लोकसभा चुनाव के पहले चरण में वोट डाले जाएंगे. नतीजे 23 मई को घोषित होंगे.

Show More

न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

"न्यूज़ मोबाइल हिंदी" एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है जो पाठकों को ताज़ा ख़बरें, गहन विश्लेषण और अपडेट सरल हिंदी में उपलब्ध कराता है। यह राजनीति, खेल, तकनीक, मनोरंजन और बिज़नेस जैसे विषयों पर समाचार प्रस्तुत करता है। साथ ही, इसमें फ़ैक्ट चेक (Fact Check) सेक्शन भी है, जिसके ज़रिए झूठी या भ्रामक ख़बरों की सच्चाई सामने लाकर पाठकों को विश्वसनीय और सही जानकारी दी जाती है। इसका मक़सद है—समाचारों के बीच तथ्य और अफ़वाह में स्पष्ट अंतर दिखाना।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button