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अमरनाथ यात्रा के बाद अब जम्मू-कश्मीर में माछिल यात्रा रोकी गयी

जम्‍मू एवं कश्‍मीर में अतिरिक्‍त सुरक्षा बलों की तैनाती और अमरनाथ यात्रियों को निशाना बनाने की आतंकियों की साजिश के बड़े खुलासे के बाद देवी दुर्गा के दर्शन के लिए होने वाली माछिल यात्रा भी रोक दी गई है.

यह मन्दिर जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में स्थित है. यात्रा रोकने के साथ-साथ किश्तवाड़ में सुरक्षाबलों की तैनाती सुरक्षा कारणों को मद्देनज़र रखते हुए बढ़ा दी गयी है.

माछिल यात्रा 25 जुलाई को शुरू हुई थी, जो 5 सितंबर तक चलने वाली थी. लेकिन अब इसे भी तत्‍काल रोक दिया गया है और किश्तवाड़ व यात्रा मार्ग पर सभी यात्रियों को घर लौटने के निर्देश दिए गए हैं.

घाटी से करीब 5,000 पर्यटकों को बाहर निकाला गया है.

इससे पहले जम्मू-कश्मीर सरकार ने शुक्रवार को कश्मीर में अमरनाथ यात्रा के तीर्थयात्रियों और पर्यटकों से कहा था कि वे तुरंत अपने प्रवास पर जाएं और घाटी को छोड़ दें.

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राज्य के गृह विभाग द्वारा जारी एक एडवाइजरी में खुफिया जानकारी का हवाला देते हुए आतंकी खतरों की बात कही गयी थी. शुक्रवार को ही सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि कुछ समय पहले “खुफिया रिपोर्टों” की पुष्टि की गई थी कि पाकिस्तानी सेना द्वारा समर्थित आतंकवादी अमरनाथ यात्रा को बाधित करने की कोशिश कर रहे थे.

पिछले कुछ दिनों से, जम्मू- कश्मीर में केंद्रीय अर्धसैनिक बल के जवानों की तैनाती की जा रही है, जिससे कश्मीर में सुरक्षा खतरों को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं.

कुछ 10,000 केंद्रीय कर्मियों को लगभग एक सप्ताह पहले राज्य को आदेश दिया गया था और तब से अधिक रिपोर्ट भेजे जाने का सुझाव दिया गया है. गुरुवार को, केंद्र ने कथित तौर पर 25,000 से अधिक सैनिकों को कश्मीर में भेजा था.

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