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फैक्ट चेक: पूर्व सीएम आतिशी का पुलिसकर्मी से झड़प का यह वीडियो हालिया दिनों का नहीं, जानें पूरा सच

फैक्ट चेक: पूर्व सीएम आतिशी का पुलिसकर्मी से झड़प का यह वीडियो हालिया दिनों का नहीं, जानें पूरा सच

सोशल मीडिया पर दिल्ली सीएम आतिशी का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जहाँ वीडियो में आप नेता आतिशी कुछ पुलिसकर्मियों से बहस करते हुए नजर आ रही हैं। इसी वीडियो को सोशल मीडिया पर हालिया दिनों का बताया जा रहा है।

फेसबुक पर वायरल वीडियो शेयर कर हिंदी भाषा के कैप्शन में लिखा “कायर मोदी इतना डर गया है कि वो अब AAP को चुनाव नहीं लड़ने देना चाहता।  AAP मंत्री Atishi को भी पुलिस जगह-जगह रोक रही है। मोदी जी एक काम करो, सब AAP नेताओं और कार्यकर्ताओं को गोली मार दो, आपका काम आसान हो जाएगा, वरना अगर AAP नेता और कार्यकर्ता ज़िंदा रहे तो तुम्हें सुकून से तानाशाही नहीं करने देंगे।

फेसबुक के वायरल पोस्ट का लिंक यहाँ देखें। 

फैक्ट चेक:

न्यूज़मोबाइल की पड़ताल में हमने जाना कि वायरल वीडियो हालिया दिनों का नहीं है।

 वायरल वीडियो को देखकर हमें इसके पुराने होने की आशंका हुई, जिसके बाद हमने गूगल पर पड़ताल की। हमने सबसे पहले वीडियो को कुछ कीफ्रेम्स में तोड़ा और फिर गूगल लेंस टूल के माध्यम से खोजा। खोज के दौरान हमें वायरल वीडियो आम आदमी पार्टी की फेसबुक प्रोफाइल द्वारा मार्च 23, 2024 को किए गए एक पोस्ट में मिला।  

 

पोस्ट के साथ कैप्शन में दी गयी जानकारी के मुताबिक वायरल वीडियो मार्च 2024 के दौरान का है। जब आतिशी दिल्ली की आम आदमी पार्टी की सरकार में मंत्री थी।

वायरल वीडियो की सटीक जानकारी के लिए हमने गूगल पर और बारीकी से खोजना शुरू किया। खोज के दौरान हमें वायरल वीडियो ZEE न्यूज़ के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर भी मिला। जिसे मार्च 23, 2024 को अपलोड किया गया था।

यहाँ कैप्शन के साथ जानकारी दी गयी है कि दिल्ली में अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी से नाराज आतिशी दिल्ली पुलिस से भिड़ गईं थी। धरना प्रदर्शन का ऐलान करने के बाद जब पुलिस ने उनकी गाड़ी रोककर उनसे पूछताछ की तो वो नाराज हो गईं, जिसके बाद उनकी पुलिसकर्मियों से बहस हो गयी।

पड़ताल के दौरान मिले तथ्यों से हमने जाना कि वायरल वीडियो हालिया दिनों का नहीं, बल्कि मार्च 23, 2024 का है, जिसे हालिया दिनों में भ्रम फ़ैलाने के लिए शेयर किया जा रहा है।

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Nupendra Singh

A rapid increase in the rate of fake news and its ill effect on society encourages me to work as a fact-checker in NewsMobile. I believe one should always check the facts before sharing any information with others. I have gained two years of experience in fact-checking
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