फैक्ट चेक: मदरसा में लड़कियों के साथ यौन शोषण की इस खबर का क्या है सच? जानें यहाँ

सोशल मीडिया पर एक अखबार की क्लिपिंग की एक तस्वीर वायरल हो रही है। हेडलाइन के मुताबिक एक मौलवी को मदरसे में 52 लड़कियों का यौन शोषण करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। न्यूज क्लिपिंग अमर उजाला की है और लोकेशन टैग लखनऊ का है।
इस पोस्ट के साथ कैप्शन में लिखा है – “मदरसे में यौन शोषण, मौलवी गिरफ्तार, 52 छात्राएं छुड़ाई गई”।

यहाँ उपरोक्त पोस्ट का लिंक है। फेसबुक पर पोस्ट को खूब शेयर किया गया है। ऐसे ही कुछ पोस्ट आप यहां, यहां, यहां और यहां देख सकते है।

फैक्ट चेक:
जब न्यूजमोबाइल ने अखबार की क्लिपिंग की जांच की, तो हमने पाया कि इसमें कुछ छेड़छाड़ की गई है।
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हमने देखा कि शीर्षक में, फ़ॉन्ट का एक शब्द अन्य शब्दों से भिन्न था। ‘मौलवी’ शब्द का फॉन्ट आकार में थोड़ा बड़ा था और उसका फॉन्ट भी औरों से अलग था।

जब हमने ‘‘मदरसे में यौन शोषण’ लखनऊ अमर उजाला’ कीवर्ड का उपयोग करके खोज की, तो हमें 30 दिसंबर, 2017 की अमर उजाला की रिपोर्ट मिली, और शीर्षक में कहा गया है – “लखनऊ के मदरसे में घिनौनी हरकतें: कारी कर रहा था यौन शोषण, छुड़ाई गईं 51 छात्राएं”।
रिपोर्ट के मुताबिक घटना लखनऊ के सादातगंज के एक मदरसे की है, जहां बच्चियों को बंधक बनाकर उनका यौन शोषण किया गया।
हमें 2017 की असली अमर उजाला न्यूज क्लिपिंग भी मिली।

मूल शीर्षक के अनुसार, ‘प्रबंधक’ को गिरफ्तार किया गया था, न कि ‘मौलवी’ को। और मूल समाचार क्लिपिंग में ‘मौलवी’ शब्द को फोटोशॉप किया गया है। इससे साबित होता है कि तस्वीर के साथ छेड़छाड़ की गई है और यह फर्जी है।





