ताज़ा खबरें

‘अखिलेश यादव नहीं है किसी गठबंधन का हिस्सा’, कांग्रेस नेता के बयान पर मचा बवाल

‘अखिलेश यादव नहीं है किसी गठबंधन का हिस्सा’, कांग्रेस नेता के बयान पर मचा बवाल

 

साल 2024 में लोकसभा चुनाव होने वाले हैं। पक्ष और विपक्ष दोनों अपनी तैयारी में पूर्ण जोर तरीके से लगा हुआ है। ऐसे में विपक्ष ने भाजपा को हराने के लिए I.N.D.I.A गठबंधन का गठन किया है। लेकिन इस बीच गठबंधन को लेकर कई तरह की बयान बाजी हो रही है। इसी बीच कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को लेकर बड़ा सियासी बयान दिया।

कांग्रेस नेता के इस बयान से सियासी गर्मी तेज हो गयी है। उनके इस बयान से विपक्षी गठबंधन की एकजुटता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। दरअसल, कांग्रेस नेता ने सपा अध्यक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी राम विरोधी पार्टी है, वो हिंदू विरोधी, मंदिर विरोधी पार्टी है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव की दुकान बंद हो चुकी हैं, वे अब इंडिया या किसी गठबंधन का हिस्सा नहीं हैं।

इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी की तारीफ करने के सवाल पर आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा कि नरेंद्र मोदी सिर्फ बीजेपी के पीएम नहीं हैं, बल्कि वे हमारे भी पीएम हैं। उन्होंने अच्छा काम किया है तो सराहना होगी, अगर गलत काम किया है तो उसकी अलोचना भी होगी।

आचार्य प्रमोद कृष्णम रविवार को संभल के कुरकावली में बीजेपी नेता के पारिवारिक समारोह शामिल होने पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी रामविरोधी पार्टी है, वह हिंदू विरोधी पार्टी है, मंदिर विरोधी है, और कल्कि विरोधी है. उन्होंने कहा कि वे हमेशा झूठ बोलते हैं, उनकी दुकान में कोई समान नहीं बचा है और उनकी दुकान बंद हो चुकी है. उन्होंने कहा कि स्वामी प्रसाद मौर्य ने सुपारी ले ली है. अखिलेश यादव को हिंदुओं का एक भी वोट नहीं मिलेगा।

उन्होंने ये भी कहा कि वे किसी गठबंधन का हिस्सा नहीं हैं, वह अब ईडी और सीबीआई से डर रहे है. वे गठबंधन का सहारा लेकर अपना घर बचा रहे हैं।

Show More

न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

"न्यूज़ मोबाइल हिंदी" एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है जो पाठकों को ताज़ा ख़बरें, गहन विश्लेषण और अपडेट सरल हिंदी में उपलब्ध कराता है। यह राजनीति, खेल, तकनीक, मनोरंजन और बिज़नेस जैसे विषयों पर समाचार प्रस्तुत करता है। साथ ही, इसमें फ़ैक्ट चेक (Fact Check) सेक्शन भी है, जिसके ज़रिए झूठी या भ्रामक ख़बरों की सच्चाई सामने लाकर पाठकों को विश्वसनीय और सही जानकारी दी जाती है। इसका मक़सद है—समाचारों के बीच तथ्य और अफ़वाह में स्पष्ट अंतर दिखाना।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button