ताज़ा खबरेंविदेश

अलास्का में ही क्यों मिलेंगे ट्रंप और पुतिन? 158 साल पहले रूस ने अमेरिका को बेचा था अलास्का

पिछले करीब तीन साल से अधिक समय से चल रहे रूस-यूक्रेन महायुद्ध के समाप्त होने की उम्मीद जग उठी है. शुक्रवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात अलास्का में होने वाली है. इस मुलाकात से पहले ट्रंप ने वॉशिंटन डीसी में कहा है कि वह राष्ट्रपति पुतिन से तुरंत युद्ध रोकने के लिए कहेंगे.

 

यह बैठक सिर्फ यूक्रेन युद्ध के लिए ही अहम नहीं है बल्कि अमेरिकी-रूस रिश्तों के लिए भी जरूरी होने हैं. ऐसे में अगर दोनों के बीच मुलाकात हुई तो यह पहली बार होगा जब दोनों नेता अमेरिका की जमीन पर मिलेंगे. रूस ने पहले पुतिन और ट्रम्प की मुलाकात के लिए UAE का सुझाव दिया था. हालांकि बाद में ट्रम्प ने बैठक के लिए अलास्का को चुना. तो अब सबके मन में एक सवाल है कि आखिर दोनों अलास्का में ही क्यों मिल रहे हैं. तो चलिए आपको बताते हैं अलास्का के पीछे का इतिहास.

 

क्यों चुना गया अलास्का को?

अलास्का को बैठक के लिए चुनने के पीछे कानूनी और भौगोलिक कारण हैं. रूस के राष्ट्रपति के खिलाफ इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट का गिरफ्तारी वारंट जारी है. ICC सदस्य देशों में उनकी गिरफ्तारी जरूरी होती. अमेरिका ICC का सदस्य नहीं है इसलिए यहां यह बाध्यता नहीं है. इसके अलावा अलास्का की रूस से भौगोलिक नजदीकी और बेरिंग स्ट्रेट में महज 88 किलोमीटर की दूरी भी इसे एक सुविधाजनक स्थान बनाती है.

 

अलास्का का इतिहास

अलास्का उत्तरी ध्रुव के नजदीक कनाडा से सटी वो जगह है जो कभी रूस का हिस्सा हुआ करती थी. 158 साल पहले रूस ने इसे अमेरिका को सिर्फ 45 करोड़ रुपए में बेच दिया था. अलास्का रूस से सिर्फ 88 किलोमीटर दूर है. अलास्का से रूस के सबसे नजदीकी मिलिट्री बेस करीब 80 से 100 किलोमीटर की दूरी पर हैं. ये बेस रूस के चुक्चा स्वायत्त क्षेत्र में स्थित हैं, जो बेरिंग स्ट्रेट के पार है. इस क्षेत्र में रूस के कुछ एयरफोर्स बेस और सैन्य निगरानी स्टेशन हैं, जहां परमाणु हथियार भी हो सकते हैं. ऐसे में माना जा रहा है कि पुतिन का यहां पर मिलना ज्यादा मुफीद हो सकता है.

 

ब्रिटेन के कब्जा करने के डर से बेचा अलास्का

इतिहास की बात करें तो अलास्का बेचने के पीछे कई कारण थे. रूस को डर था कि अगर युद्ध हुआ तो ब्रिटेन की मदद से अमेरिका अलास्का पर कब्जा कर सकता है. उस समय रूस की आर्थिक स्थिति भी कमजोर थी और अलास्का उनके लिए इतना महत्वपूर्ण नहीं था. सबसे बड़ा कारण था रूस की सीमा की सुरक्षा, क्योंकि अलास्का इतना बड़ा इलाका था कि वहां बड़ी संख्या में सैनिक तैनात करना मुश्किल था.

If you want to fact-check any story, WhatsApp it now on +91 11 7127 9799 or Click Here

Show More
Back to top button