यूक्रेन ने रूस के खिलाफ नए अंतरराष्ट्रीय न्यायालय की योजना को दी मंजूरी, युद्ध अपराधों पर चलेगा मुकदमा

यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने एक नए अंतरराष्ट्रीय न्यायालय के गठन की योजना को मंजूरी दे दी है, जिसका उद्देश्य यूक्रेन पर हमले को लेकर रूस के शीर्ष नेताओं और अधिकारियों पर मुकदमा चलाना है। इस विशेष न्यायाधिकरण का गठन यूक्रेन और यूरोपीय परिषद के बीच हुए समझौते के तहत किया जाएगा।
यूक्रेन का आरोप है कि 24 फरवरी 2022 को युद्ध शुरू होने के बाद से रूसी सेना ने देश में व्यापक पैमाने पर युद्ध अपराध किए हैं। इनमें नागरिक ठिकानों पर हमले, आम लोगों की हत्या, दुष्कर्म, अपहरण और यातना जैसे गंभीर अपराध शामिल हैं। वर्तमान में मौजूद अंतरराष्ट्रीय अदालतों, जैसे हेग स्थित अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय, को रूस के शीर्ष नेताओं पर मुकदमा चलाने का अधिकार नहीं है, यही कारण है कि यूक्रेन लंबे समय से एक विशेष न्यायालय की मांग करता रहा है।
हालांकि, इस नई अदालत का ढांचा, स्थान और संचालन प्रणाली अभी तय नहीं हुई है। माना जा रहा है कि यह अदालत भी हेग की तर्ज पर काम कर सकती है। अंतरराष्ट्रीय कानूनों के मुताबिक राष्ट्राध्यक्षों और उच्च पदस्थ अधिकारियों को आमतौर पर मुकदमे से सुरक्षा मिलती है, इसलिए यह देखना होगा कि नई अदालत ऐसे मामलों से कैसे निपटेगी।
इस विशेष न्यायालय को नीदरलैंड्स, जापान और कनाडा जैसे देशों से आर्थिक सहयोग मिलेगा। अमेरिका ने जो बाइडन सरकार के दौरान इसका समर्थन किया था, लेकिन डोनाल्ड ट्रंप के सत्ता में आने के बाद इस प्रोजेक्ट को अमेरिकी समर्थन नहीं मिल रहा है। अभी इस प्रस्तावित अदालत को लेकर कई फैसले लिए जाने बाकी हैं, लेकिन यूक्रेन का कहना है कि यह पहल न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम हो सकती है।





