राज्यसभा में गरमाया आतंकवाद और सुरक्षा का मुद्दा, विपक्ष ने की विशेष बहस की मांग

राज्यसभा की व्यापार सलाहकार समिति (बीएसी) की बैठक बुधवार को संसद के मानसून सत्र के दौरान आयोजित की गई, जिसमें विपक्षी दलों ने पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर पर विस्तार से चर्चा की मांग की। बैठक में विभिन्न दलों के नेताओं के साथ राज्यसभा में सदन के नेता जे. पी. नड्डा और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू भी शामिल हुए। बैठक की अध्यक्षता राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश ने की।
विपक्ष का कहना है कि इन गंभीर मुद्दों पर राज्यसभा में अगले सप्ताह दो दिन तक कुल 16 घंटे चर्चा कराई जानी चाहिए और इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी भी सुनिश्चित होनी चाहिए। कांग्रेस के राज्यसभा में उपनेता प्रमोद तिवारी ने बैठक के बाद बताया कि विपक्ष एकमत होकर इस चर्चा की मांग कर रहा है और चाहता है कि यह सामान्य बहस के रूप में हो, बिना किसी प्रस्ताव के।
उन्होंने कहा कि यह चर्चा लोकसभा में इस विषय पर चर्चा शुरू होने के एक दिन बाद राज्यसभा में कराई जाए। तिवारी ने यह भी दावा किया कि सरकार की ओर से प्रधानमंत्री की मौजूदगी का आश्वासन दिया गया है और उम्मीद जताई कि ऑपरेशन सिंदूर पर बहस के दौरान प्रधानमंत्री संसद में मौजूद रहेंगे।
गौरतलब है कि संसद के दोनों सदनों में इन दिनों पहलगाम हमले, बिहार में मतदाता सूची की विशेष गहन समीक्षा (SIR) और अन्य विषयों को लेकर लगातार हंगामा हो रहा है, जिसके चलते सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित करनी पड़ रही है। उल्लेखनीय है कि यह बैठक पहले सोमवार को होनी थी, लेकिन उसी दिन उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के इस्तीफे के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था।





