असम में राहुल गांधी का बीजेपी पर हमला, ऊर्जा फैसलों पर उठाए सवाल

असम: चुनावी माहौल के बीच राहुल गांधी ने रविवार को गोलाघाट और बिश्वनाथ में रैलियों के दौरान बीजेपी पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि देश के ऊर्जा से जुड़े फैसलों पर बाहरी दबाव का असर पड़ता है और केंद्र सरकार राज्यों के कामकाज में दखल दे रही है।
गोलाघाट की रैली में राहुल गांधी ने दावा किया कि भारत बिना डोनाल्ड ट्रम्प की मंजूरी के तेल नहीं खरीद सकता। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि देश की ऊर्जा सुरक्षा और डेटा से जुड़े फैसलों पर समझौता किया गया है। वहीं, बिश्वनाथ में रैली के दौरान उन्होंने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को भ्रष्ट बताते हुए उनकी सरकार पर समाज में विभाजन फैलाने का आरोप लगाया। राहुल गांधी ने कहा कि अगर कांग्रेस सत्ता में आती है, तो भ्रष्टाचार के मामलों में कार्रवाई की जाएगी।
ट्रंप ने सरेआम कहा- नरेंद्र मोदी मुझे ‘सर’ कहता है, मैं जब चाहूं उसका करियर खत्म कर सकता हूं।
⦿ अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ऐसा इसलिए कह रहा है, क्योंकि उसके हाथ में Epstein फाइल हैं, जिसमें मोदी की पूरी सच्चाई है
⦿ ट्रंप ने अमेरिका में अडानी पर क्रिमिनल केस भी कर दिया है,… pic.twitter.com/aumlU0YGH4
— Congress (@INCIndia) April 5, 2026
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि असम की सरकार दिल्ली से चल रही है और राज्य के फैसले राष्ट्रीय नेतृत्व तय करता है। इस दौरान उन्होंने गायक ज़ुबीन गर्ग का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस एकता और सद्भाव की राजनीति करती है, जबकि बीजेपी पर उन्होंने लोगों को बांटने का आरोप लगाया।
चुनावी वादों की बात करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस सत्ता में आने पर छह समुदायों को एससी-एसटी का दर्जा देगी, चाय बागान मजदूरों की दिहाड़ी ₹450 करेगी और महिलाओं व युवाओं को आर्थिक सहायता दी जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार बनने के 100 दिनों के भीतर इन योजनाओं को लागू किया जाएगा।
असम में 9 अप्रैल को मतदान होना है, जबकि नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे।





