‘परमाणु की धमकियां अब नहीं सहेगा भारत…’: लाल किले से पीएम मोदी का PAK को जवाब

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 79वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले से राष्ट्रीय ध्वज फहराया. इसके साथ ही पीएम मोदी लाल किसे से देश को संबोधित कर रहे हैं. ये लगातार 12वां साल है जब पीएम मोदी ने लाल किले से राष्ट्र के नाम संबोधन दिया.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “आज़ादी का यह महापर्व 140 करोड़ संकल्पों का पर्व है. आज़ादी का यह पर्व सामूहिक सिद्धियों का, गौरव का पर्व है…”
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “हमारा देश कई दशकों से आतंक को झेलता आया है…अब हमने एक न्यू नॉर्मल प्रस्थापित किया है. आतंक को और आतंकियों को ताकत देने वालों को अब हम अलग-अलग नहीं मानेंगे…भारत ने तय कर लिया है कि परमाणु की धमकियों को अब हम सहने वाले नहीं है…”
#WATCH प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “हमारा देश कई दशकों से आतंक को झेलता आया है…अब हमने एक न्यू नॉर्मल प्रस्थापित किया है। आतंक को और आतंकियों को ताकत देने वालों को अब हम अलग-अलग नहीं मानेंगे…भारत ने तय कर लिया है कि परमाणु की धमकियों को अब हम सहने वाले नहीं है…”
(वीडियो… pic.twitter.com/pv6ATnPgvb
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 15, 2025
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “हम आज डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती भी मना रहे हैं. डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी भारत के संविधान के लिए बलिदान देने वाले देश के पहले महापुरुष थे. संविधान के लिए बलिदान. धारा 370 की दीवार गिराकर एक देश एक संविधान के मंत्र को जब हमने साकार किया तो हमने डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी को सच्ची श्रद्धांजलि दी.”
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “प्रकृति हम सबकी परीक्षा ले रही है. पिछले कुछ दिनों से प्राकृतिक आपदाएं, भूस्खलन, बादल फटना और ना जाने कितनी आपदाएं हम झेल रहे हैं. पीड़ितों के साथ हमारी संवेदना है. राज्य सरकारें और केंद्र सरकार मिलकर बचाव के काम में जुटी है…”
हिन्दुस्तान के पानी पर सिर्फ हिन्दुस्तान का हक
देशवासियों को पता चला है कि सिंधु का समझौता कितना एकतरफा है. भारत से निकलती नदियों का पानी दुश्मनों की जमीन को सींच रहा है और मेरे देश का किसान, मेरे देश की धरती पानी के बगैर प्यासी है. इस समझौते ने बीते 7 दशक से देश के किसानों का अकल्पनीय नुकसान किया है. हिन्दुस्तान के हक के पानी पर सिर्फ और सिर्फ हिन्दुस्तान और हिन्दुस्तान के किसानों का है.
पाकिस्तान अब भी हमारे हमले से बौखलाया है
पाकिस्तान में हुए तबाही इतनी बड़ी है कि रोज नए-नए खुलासे हो रहे है. नई नई जानकारियां आ रही हैं. हमारा देश कई दशकों से आतंक को झेलता आया है. देश के सीने को छल्ली कर दिया गया था. हमने न्यू नॉर्मल स्थापित किया. आतंक और आतंकियों को ताकत देने वालों को हम अब अलग-अलग नहीं मानेंगे. वो मानवता के समान दुश्मन हैं. भारत ने तय कर लिया है कि न्यूक्लियर की धमकियों को भारत सहने वाले नहीं है.न्यूक्लियर ब्लैकमेल लंबे अर्से से चलाया अब ब्लैकमेल नहीं सहा जाएगा. आगे भी अगर दुश्मनों ने कोशिश जारी रखी तो हमारी सेना तय करेगी, सेना की शर्तों, सेना जो समय निर्धारित समय पर, सेना जो लक्ष्य तय कर उस लक्ष्य को हम अमल में लाकर के रहने वाले हैं. हम मुंहतोड़ जवाब देंगे.
मुझे गर्व है कि ऑपरेशन सिंदूर के जांबाजों पर
हमारे वीर जाबाज सैनिकों ने दुश्मनों को उनकी कल्पना से परे सजा दी है. पहलगाम में सीमा पार से आतंकियों ने आकर जिस प्रकार का कत्लेआम किया, धर्म पूछ-पूछकर मारा गया. पत्नी के सामने पति को गोलिया मारी. पूरा हिन्दुस्तान आक्रोश से भरा हुआ था. पूरा विश्व भी इस घटना से चौंक गया था. ऑपरेशन सिंदूर उसी आक्रोश की अभिव्यक्ति है. 22 तारीख के बाद हमने हमारी सेना को खुली छूट दे दी. रणनीति वो तय करें, लक्ष्य वो तय करें, समय भी वो चुनें, और हमारी सेना ने वो करके दिखाया वो कई दशकों तक हुआ नहीं था. सैंकड़ों किलोमीटर तक दुश्मनों की धरती में घुसकर आतंकी हेडक्वाटर्स को मिट्टी में मिला दिया.





