ताज़ा खबरें

यूक्रेन: कीव पहुंचे पीएम नरेंद्र मोदी, 1991 में सोवियत संघ से आज़ादी के बाद यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा

यूक्रेन: कीव पहुंचे पीएम नरेंद्र मोदी, 1991 में सोवियत संघ से आज़ादी के बाद यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा

 

रूस और यूक्रेन के बीच शुरू हुए संघर्ष के करीब ढाई साल बाद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यूक्रेन के एक दिवसीय दौरे के लिए कीव पहुंचें हैं। बता दें कि 1991 में सोवियत संघ से आज़ादी के बाद से यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की यूक्रेन की पहली यात्रा है।  प्रधानमंत्री मोदी यूक्रेन की राजधानी कीव में 7 घंटे बिताएंगे। प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा बेहद अहम माना जा रहा है। दरअसल, 24 फरवरी 2022 को जब रूस ने यूक्रेन पर हमला किया था, तब से नाटो देशों के अलावा किसी अन्य देश के नेता ने यूक्रेन का दौरा नहीं किया है

गौरतलब है कि भारतीय प्रधानमंत्री यूक्रेन की राजधानी कीव पहुंच गए हैं। वह गुरुवार रात को पोलैंड की राजधानी वॉरसॉ से निकले थे। PM मोदी यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की के साथ मुलाकात करने वाले हैं।

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनी गुटेरेस के प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने उम्मीद जताई कि पीएम मोदी का यूक्रेन दौरा शांति लाने में मददगार साबित होगा। दुजारिक ने कहा कि हमने बीते कुछ समय में कई बड़े देशों के नेताओं को कीव की यात्रा करते देखा है। हमें उम्मीद है कि ये यात्राएं असर दिखाएंगी।

गौरतलब है कि PM मोदी यूक्रेन दौरे पर राष्ट्रपति जेलेंस्की से बातचीत करेंगे, जिसमें द्विपक्षीय और बहुपक्षीय सहयोग के मुद्दों पर चर्चा होगी। इस दौरान यूक्रेन और भारत के बीच कई दस्तावेजों पर दस्तखत होंगे। इसके अलावा पीएम मोदी छात्रों सहित भारतीय समुदाय के लोगों से भी मिलेंगे।

PM मोदी और जेलेंस्की के बीच ये चौथी मुलाकात होगी। पहली बार दोनों नेता नवंबर 2021 में स्कॉटलैंड के ग्लासगो शहर में आयोजित COP26 जलवायु सम्मेलन में मिले थे। इसके बाद दोनों मई 2023 में जापान के हिरोशिमा में G7 शिखर सम्मेलन में मिले। आखिरी बार दोनों की मुलाकात 14 जून 2024 को इटली में आयोजित G7 शिखर सम्मेलन में हुई थी।

Show More

न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

"न्यूज़ मोबाइल हिंदी" एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है जो पाठकों को ताज़ा ख़बरें, गहन विश्लेषण और अपडेट सरल हिंदी में उपलब्ध कराता है। यह राजनीति, खेल, तकनीक, मनोरंजन और बिज़नेस जैसे विषयों पर समाचार प्रस्तुत करता है। साथ ही, इसमें फ़ैक्ट चेक (Fact Check) सेक्शन भी है, जिसके ज़रिए झूठी या भ्रामक ख़बरों की सच्चाई सामने लाकर पाठकों को विश्वसनीय और सही जानकारी दी जाती है। इसका मक़सद है—समाचारों के बीच तथ्य और अफ़वाह में स्पष्ट अंतर दिखाना।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button