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बिहार चुनाव से पहले बड़ी सियासी हलचल, RJD और कांग्रेस के दिग्गज नेता BJP में शामिल

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से ठीक पहले राजनीतिक सरगर्मी तेज़ हो गई है। इसी क्रम में आरजेडी के पूर्व विधायक अनिल कुमार सहनी, पूर्व कांग्रेस जिला अध्यक्ष बच्चू प्रसाद बिरू और आशा देवी ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम लिया। इन्हें केंद्रीय मंत्री व बिहार भाजपा चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान ने सदस्यता ग्रहण कराई। भाजपा सूत्रों के अनुसार, इन तीन नेताओं के अलावा कई अन्य स्थानीय नेता भी पार्टी में शामिल हुए हैं। पार्टी इसे आगामी चुनाव के लिए ठोस रणनीतिक बढ़त मान रही है, जिससे क्षेत्रीय स्तर पर समर्थन मजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।

अनिल कुमार सहनी का नाम पहले भी सुर्खियों में रहा है। तीन साल पहले उन्हें विधानसभा से अयोग्य घोषित कर दिया गया था, जब दिल्ली की CBI कोर्ट ने उन्हें धोखाधड़ी के मामले में दोषी पाया था। सहनी पर आरोप था कि 2012 में राज्यसभा सांसद रहते उन्होंने फर्जी एयर टिकट लगाकर लीव ट्रैवल कंसशन (LTC) का लाभ उठाने की कोशिश की थी, जबकि वास्तविक यात्रा नहीं की गई थी।

बिहार चुनाव के पहले चरण में मुजफ्फरपुर और कुढ़नी सीटों पर सबसे अधिक — 20-20 उम्मीदवार मैदान में हैं। सबसे कम 5-5 उम्मीदवार भोरे, अलौली और परबत्ता सीटों पर उतर रहे हैं। पटना की 14 विधानसभा सीटों पर कुल 149 प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। पालीगंज सीट पर सबसे ज्यादा 14 उम्मीदवार मुकाबले में हैं। भागलपुर जिले की 7 सीटों के लिए 102 उम्मीदवारों ने नामांकन किया है, जिनमें केवल नाथनगर में ही कुल 21 उम्मीदवार चुनावी दौड़ में हैं।

पहले चरण की 121 सीटों पर महागठबंधन की तरफ से आरजेडी सबसे अधिक 71 सीटों पर लड़ रही है। एनडीए में जेडीयू 75 सीटों पर जबकि भाजपा 48 सीटों पर प्रत्याशी उतार रही है।

एलजेपी (रामविलास) — 14 सीट

आरएलएम — 2 सीट

हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) — 1 सीट

महागठबंधन में कांग्रेस ने 25 सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं। सीपीआई (माले) 14 सीटों पर, वीआईपी और सीपीआई 6-6 सीटों पर, सीपीएम 3 सीटों पर और इंडियन इंक्लूसिव पार्टी (IIP) 2 सीटों पर चुनाव लड़ रही है।

 

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न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

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