भारत में ब्रिटिश व्यापार बढ़ाने पहुंचे कीर स्टार्मर, बोले – “यह विकास का लॉन्चपैड है”

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर बुधवार को अपने पहले आधिकारिक भारत दौरे पर मुंबई पहुंचे। मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उनका स्वागत महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और अजित पवार, तथा राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने किया। यह दौरा भारत और ब्रिटेन के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। खास बात यह है कि दोनों देशों के बीच जुलाई में ऐतिहासिक फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एफटीए) पर हस्ताक्षर हुए थे, जिसके बाद यह पहला उच्च-स्तरीय दौरा है।
MEA Official Spokesperson Randhir Jaiswal tweets, “A warm welcome to PM Keir Starmer of the United Kingdom! Received by the Governor of Maharashtra and Gujarat, Acharya Devvrat, at the airport. This is PM Starmer’s first visit to India. This visit marks a new chapter in our… pic.twitter.com/yZrLau550D
— ANI (@ANI) October 8, 2025
प्रधानमंत्री स्टार्मर गुरुवार सुबह मुंबई के राजभवन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे। दोनों नेता भारत–ब्रिटेन साझेदारी की प्रगति और भविष्य की दिशा पर चर्चा करेंगे। मुलाकात के बाद दोनों की ओर से संयुक्त बयान भी जारी किया जाएगा। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा नए टैरिफ लगाए जाने के बाद वैश्विक व्यापार माहौल में तनाव बढ़ा है। ऐसे में नई दिल्ली और लंदन की बातचीत को वैश्विक संदर्भ में भी अहम माना जा रहा है।
ब्रिटिश प्रधानमंत्री मुंबई में व्यापार और उद्योग जगत के प्रमुख लोगों से दोपहर भोज पर मुलाकात करेंगे। इसके बाद वह जियो वर्ल्ड सेंटर (बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स) में आयोजित ग्लोबल फिनटेक फेस्ट में भी हिस्सा लेंगे।भारत आने से पहले स्टार्मर ने कहा कि “हमने जुलाई में भारत के साथ एक बड़ा व्यापार समझौता किया है — यह अब तक किसी भी देश के साथ सबसे बेहतर डील है। लेकिन यह सिर्फ एक दस्तावेज नहीं, बल्कि आर्थिक विकास की नई शुरुआत है।”
उन्होंने आगे कहा, “भारत 2028 तक दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रहा है, और हमारे देशों के बीच व्यापार अब पहले से कहीं तेज़ और आसान होगा। यह दोनों देशों के लिए बेहद बड़ी संभावनाएं लेकर आया है।” स्टार्मर ने बताया कि वे इस दौरे पर ब्रिटेन की 125 प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ आए हैं। उन्होंने कहा, “भारत में ब्रिटिश व्यापार की वृद्धि का मतलब है ब्रिटेन में अधिक रोजगार और अवसर — यही हमारी साझेदारी की असली ताकत है।”





