
अप्रैल का महीना आमतौर पर बढ़ती तपिश के लिए जाना जाता है, लेकिन इस साल भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने एक चौंकाने वाला पूर्वानुमान जारी किया है। सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के कारण उत्तर भारत के कई हिस्सों में मौसम ‘फरवरी जैसा’ ठंडा होने की उम्मीद है, जबकि दक्षिण भारत में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
उत्तर भारत: पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानों में ओलावृष्टि
IMD के अनुसार, 7 और 8 अप्रैल को दो शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत में दस्तक देंगे। इसका सबसे ज्यादा असर हिमाचल प्रदेश में देखने को मिल रहा है, जहाँ चंबा, कांगड़ा, कुल्लू और मंडी जैसे जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
• बर्फबारी और ओले: जम्मू-कश्मीर और हिमाचल के ऊपरी इलाकों में ताजा बर्फबारी जारी है। वहीं, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली में 7 और 8 अप्रैल को ओलावृष्टि (Hailstorm) की संभावना है।
• तेज हवाएं: राजस्थान में 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी आंधी और थंडरस्क्वाल (Thundersquall) चलने की चेतावनी दी गई है।
दिल्ली का मौसम: ‘फरवरी’ वाली ठंड का अहसास
दिल्लीवासी इस बार अप्रैल में असामान्य ठंड का अनुभव कर रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में दिन का तापमान गिरकर फरवरी के स्तर तक पहुँच सकता है। सोमवार को अधिकतम तापमान 34°C रहने का अनुमान है, लेकिन आसमान में बादल छाए रहेंगे और हल्की बूंदाबांदी से गर्मी से राहत बनी रहेगी।
दक्षिण भारत: चेन्नई समेत इन राज्यों में बारिश
उत्तर की ठंड के बीच दक्षिण भारत में मानसूनी हलचल तेज है। चेन्नई के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है।
• तमिलनाडु और केरल: कन्याकुमारी, तिरुनेलवेली और पश्चिमी घाट के इलाकों में भारी बारिश की संभावना है।
• अन्य राज्य: कर्नाटक, तेलंगाना और तटीय आंध्र प्रदेश में अगले पांच दिनों तक गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
यदि आप इस हफ्ते यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो मौसम अपडेट जरूर चेक करें। उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और मैदानों में तेज हवाओं से सतर्क रहने की जरूरत है।





