फैक्ट चेक: महिला नेत्री द्वारा दलितों को पीटने वाला यह बयान का वीडियो हालिया दिनों का नहीं, अधूरा और पुराना वीडियो भ्रामक दावे के साथ हो रहा है वायरल

फैक्ट चेक: महिला नेत्री द्वारा दलितों को पीटने वाला यह बयान का वीडियो हालिया दिनों का नहीं, अधूरा और पुराना वीडियो भ्रामक दावे के साथ हो रहा है वायरल
सोशल मीडिया पर एक महिला के भाषण का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में महिला नेत्री दलितों को लेकर कथित तौर पर अप्पत्तिजनक बयान देते हुए सुनाई दे रही है। वीडियो में महिला कहती है कि ‘जितना चमार पिटेगा उतना सुधरेगा, इन्हें पीटने दो सालों को’ फेसबुक पर वायरल वीडियो को शेयर कर हिंदी भाषा के कैप्शन में लिखा गया है कि “जितना चमार पिटेगा उतना सुधरेगा वायरल वीडियो”

फेसबुक पोस्ट का आर्काइव लिंक यहाँ देखें।
फैक्ट चेक:
न्यूज़मोबाइल की पड़ताल में हमने जाना कि वायरल वीडियो अधूरा और पुराना है।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो को देखने पर हमें इसके पुराने होने की आशंका हुई। जिसके बाद हमने वायरल वीडियो की पड़ताल की। सबसे पहले कुछ संबंधित कीवर्ड्स के माध्यम से गूगल पर खोजना शुरू किया। खोज के दौरान हमें वायरल वीडियो Jan Awaz नामक फेसबुक पेज पर वायरल वीडियो मिला जिसे नवंबर 11, 2021 को अपलोड किया गया था।

उपरोक्त पेज पर वायरल वीडियो के साथ दी गयी जानकारी के मुताबिक वायरल वीडियो में दिखने वाली महिला kanta aladiya हैं। जो दलित जाति को लेकर बयान बाजी कर रही थी। उपरोक्त मिले 1 मिनट 26 सेकंड के वीडियो को देखने पर हमने जाना कांता आलड़िया दलित समाज में नौकरी कर रहे व संपन्न लोगों पर उनके ही समाज के गरीब लोगों की सहायता ना करने का आरोप लगा रही हैं।
इसके बाद पुष्टि के लिए हमने गूगल पर और बारीकी से खोजना शुरू किया। खोज के दौरान हमें वायरल वीडियो ThinkinGo नामक यूट्यूब चैनल पर मिला। जिसे नवंबर 11, 2021 को अपलोड किया गया था। प्राप्त यूट्यूब वीडियो के साथ दिए गए कैप्शन से हमने जाना कि वीडियो में दिखने वाली महिला कांता आलड़िया हैं। इसके साथ ही उनके द्वारा दिए गए बयान का यह वायरल वीडियो पुराना है।
इसके बाद हमने गूगल पर कांता आलड़िया की जानकारी प्राप्त करने के लिए खोजना शुरू किया। इस दौरान हमने जाना कि कांता आलड़िया खुद एक दलित नेता हैं जो ‘मिशन एकता पार्टी’ के प्रदेशाध्यक्ष है।
पड़ताल के दौरान मिले तथ्यों से हमने जाना कि वायरल वीडियो हालिया दिनों का नहीं बल्कि साल 2021 के दौरान है, इसके साथ ही वीडियो दिख रही महिला भी एक दलित नेता हैं जो अपने ही समाज के कुछ नौकरी करने वाले व संपन्न हुए कुछ लोगों पर उनके ही समाज के गरीब लोगों की सहायता न करने का आरोप लगा रही थीं, जिसे सोशल मीडिया पर हालिया दिनों में भ्रामक दावे के साथ शेयर किया जा रहा है।





