मुंबई में साइबर जागरूकता माह की शुरुआत, अक्षय कुमार ने साझा किया बेटी से जुड़ा साइबर क्राइम अनुभव
नई दिल्ली: मुंबई में साइबर जागरूकता माह अक्टूबर 2025 की शुरुआत महाराष्ट्र पुलिस मुख्यालय में हुई. इस मौके पर राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार मौजूद रहे. कार्यक्रम में साइबर सुरक्षा को लेकर जागरूकता फैलाने पर जोर दिया गया.
इस दौरान अक्षय कुमार ने मंच से एक बेहद निजी और चौंकाने वाला अनुभव साझा किया. उन्होंने बताया कि उनकी 12 वर्षीय बेटी नितारा ऑनलाइन गेम खेलते समय एक गंभीर साइबर क्राइम का शिकार होने से बची.
अक्षय ने कहा,
“कुछ महीनों पहले मेरी बेटी ऑनलाइन गेम खेल रही थी. गेम के दौरान किसी अनजान व्यक्ति ने पहले उसकी तारीफ की और फिर लोकेशन पूछी. मेरी बेटी ने मासूमियत में लोकेशन शेयर कर दी. कुछ दिन बाद उसी शख्स ने उससे उसकी जेंडर के बारे में पूछा और अंत में अश्लील तस्वीरों की मांग कर डाली.”
अक्षय कुमार ने आगे कहा कि सौभाग्य से उनकी बेटी ने यह बात अपनी मां से तुरंत साझा कर दी, लेकिन हर बच्चा ऐसा नहीं कर पाता. यह घटना साइबर अपराध की गंभीरता को दर्शाती है.
उन्होंने मुख्यमंत्री फडणवीस से आग्रह करते हुए कहा कि,
“जैसे बच्चों को स्कूल में गणित, इतिहास और विज्ञान पढ़ाया जाता है, वैसे ही साइबर सुरक्षा को भी एक विषय के रूप में शामिल किया जाना चाहिए. डिजिटल दुनिया में बच्चों को सुरक्षित रहना सिखाना बेहद जरूरी है.”
अभिनेता ने यह भी दोहराया कि साइबर अपराध अक्सर छोटी घटनाओं से शुरू होता है और धीरे-धीरे बड़े खतरे का रूप ले लेता है. इसलिए बच्चों और अभिभावकों को समय रहते जागरूक करना अनिवार्य है.
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी साइबर सुरक्षा को लेकर राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई और कहा कि जागरूकता अभियानों के जरिए लोगों को सुरक्षित डिजिटल जीवन जीने के लिए प्रेरित किया जाएगा.
इस आयोजन ने न केवल साइबर अपराध की गंभीरता को सामने रखा बल्कि यह भी स्पष्ट किया कि डिजिटल युग में बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए शिक्षा और जागरूकता सबसे बड़ा हथियार है.





