राष्ट्रपति भवन में पहली बार धूमधाम से मनाया गया छठ महापर्व, राष्ट्रपति मुर्मू ने दी देशवासियों को शुभकामनाएं

राष्ट्रपति भवन परिसर में इस वर्ष पहली बार लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा पूरे पारंपरिक उल्लास और श्रद्धा के साथ आयोजित किया गया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने स्वयं सूर्य देव और छठी मैया की पूजा-अर्चना कर देश की समृद्धि, सुख-शांति और खुशहाली की कामना की। उन्होंने कहा कि छठ जैसा पर्व प्रकृति और पर्यावरण के प्रति सम्मान का संदेश देता है और लोक जीवन तथा प्रकृति के बीच सामंजस्य का प्रतीक है।
President Droupadi Murmu participated in Chhath Puja celebrations in the President’s Estate where devotees offered Arghya to the setting Sun. The President prayed for the well-being and prosperity of fellow citizens. pic.twitter.com/RwktBsPKXv
— President of India (@rashtrapatibhvn) October 27, 2025
सोमवार को पर्व के तीसरे दिन बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली समेत देश के कई राज्यों में लाखों श्रद्धालु गंगा घाटों, तालाबों और सरोवरों पर जुटे और अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया। महिलाओं ने पारंपरिक गीतों के साथ सूर्य उपासना की और घाटों पर आस्था और अनुशासन का अद्भुत दृश्य देखने को मिला।
राष्ट्रपति ने देशवासियों को छठ पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व हमें प्रकृति के प्रति आभार व्यक्त करने और पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित करता है। वहीं प्रशासन ने घाटों पर सुरक्षा और स्वच्छता के विशेष इंतजाम किए। रविवार शाम खरना के साथ 36 घंटे के निर्जला उपवास की शुरुआत हुई, जिसके बाद सोमवार को अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य दिया गया और मंगलवार की सुबह उदयमान सूर्य को अर्घ्य देकर पूजा का समापन होगा।
जयपुर में भी उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने छठ पूजा में शामिल होकर आस्था व्यक्त की। राष्ट्रपति भवन में आयोजित इस ऐतिहासिक कार्यक्रम को लेकर देशभर में विशेष उत्साह देखा गया, जिसे भारतीय लोक परंपरा और सांस्कृतिक गौरव के सम्मान के रूप में देखा जा रहा है।





