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चेस ओलंपियाड में भारत ने पहली बार जीता गोल्ड, 18 साल के डी गुकेश ने रचा इतिहास

चेस ओलंपियाड में भारत ने पहली बार जीता गोल्ड, 18 साल के डी गुकेश ने रचा इतिहास

भारत ने चेस ओलिंपियाड में इतिहास रच दिया। ओपन कैटेगरी में भारत ने 10वें राउंड के बाद ही पहला स्थान कन्फर्म करते हुए ऐतिहासिक गोल्ड मेडल जीत लिए हैं। ओपन चेस टीम ने एक नया इतिहास रच दिया है। भारतीय चेस टीम ने चेस ओलंपियाड के ओपन इवेंट में गोल्ड मेडल अपने नाम किया है।

इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है जब इस इवेंट में भारत ने स्वर्ण पदक जीता है। भारत की टीम में डी गुकेश, अर्जुन एरिगैसी, आर प्रज्ञानंद, विदित गुजरात और पेंटाला हरिकृष्णा थे। इसके अलावा श्रीनाथ नारायणन टीम के कप्तान थे। भारत की इस जीत में सबसे अहम भूमिका डी गुकेश ने निभाई।

बता दें कि चेस ओलंपियाड के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है, जब भारत ने दोनों सेक्शन (महिला-ओपन) में गोल्ड जीते हैं। इससे पहले कभी भारत ने ऐसी कामयाबी हासिल नहीं की। भारत ने दो साल पहले चेस ओलंपियाड में ब्रॉन्ज मेडल जीता था। इससे पहले 2014 में भी उसे ब्रॉन्ज ही मिला था।

चेस ओलंपियाड में भारत ने इन दोनों सेक्शन में गोल्ड जीते हैं. हंगरी की राजधानी बुडापेस्ट में खेले जा रहे 45वें चेस ओलंपियाड में गुकेश ने व्लादिमीर फेडोसीव को हराया, जबकि एरिगैसी ने जान सुबेल को मात दी.

चेस ओलंपियाड 2024 में भारत को गोल्ड जिताने वाले डी गुकेश की इस वक्त काफी चर्चा हो रही है। भारत ने ओलंपियाड में पहली बार स्वर्ण पदक जीता है। गुकेश और अर्जुन ने 11वें दौर में स्लोवेनिया के खिलाफ अपने-अपने मैच जीते । दूसरे स्थान पर रहने वाले चीन ने अमेरिका के खिलाफ दो बोर्ड अंक गंवाए, जिसके बाद भारत को गोल्ड जीतने का मौका मिला।

इससे पहले 2022 में भारत ने घरेलू धरती पर आयोजित शतरंज ओलंपियाड में कांस्य पदक जीता था। 2014 में भी भारत की झोली में ब्रॉन्ज आया था।

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न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

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