ताज़ा खबरेंभारतराजनीतिराजनीती

Bengal Phase 5 Election Live: कोरोना और हिंसा के बीच मतदान जारी, दोपहर 2 बजे तक 54.70% हुआ मतदान

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पांचवें चरण में उत्तर बंगाल और दक्षिण बंगाल के छह जिलों की 45 सीटों पर मतदान शुरू हो गया है। इस दौरान अधिकतर मतदान केंद्रों पर वोटर्स कोरोना गाइडलाइंस का उल्लंघन करते नजर आए। वहीं चौथे चरण के चुनाव के बाद आयोग पहले से ज्यादा सतर्क तो है लेकिन इसके बाद भी टीएमसी और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच झड़प और बंगाल से हिंसा की खबरे लगातार सामने आ रही है।

1.30 बजे तक 54.67 फीसदी वोटिंग।

पश्चिम बंगाल चुनाव के पांचवें चरण के मतदान जारी हैं और अब तक 54.67 फीसदी वोटिंग हो चुकी है।

टीएमसी-भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच झड़प।

वोटिंग के बीच बर्दमान में भाजपा ने टीएमसी पर आरोप लगाया है कि बर्दमान विधानसभा क्षेत्र के सरायटीकर अवैतनिक प्राथमिक विद्यालय की बूथ संख्या 60, 61, 72 और 63 पर एक एजेंट अजीत सरकार और अजीस सरन के साथ मारपीट की गई है। वहीं टीएमसी ने मिनाखान के बूथ संख्या 114 पर बम से हमले करने का आरोप लगाया है। इस हमले में टीएमसी के दो कार्यकर्ता घायल हुए हैं।

केंद्रीय बलों ने पोलिंग बूथ का दौरा कर रहे मदन मित्रा की तलाशी ली।

कमारहाटी के बूथ संख्या 165/166 पर टीएमसी उम्मीदवार मदन मित्रा ने कहा कि पोलिंग बूथ में प्रवेश करने का अधिकार मेरे पास है। केंद्रीय बलों ने मेरी जेब तलाशी और देखा कि मेरी जेब के अंदर देवी की तस्वीरें हैं। यह एक लोकतांत्रिक देश है और इस मामले को लेकर मैं चुनाव आयुक्त मुलाकात करूंगा।
हमें बूथ के अंदर जाने का अधिकार है।

बता दे पांचवे चरण के चुनाव के तहत 6 जिलों की 45 सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं। जिन सीटों पर आज वोट डाले जा रहे हैं उनमें उत्तर 24 परगना की 15 सीटें भी शामिल हैं। इसके अलावा भाजपा का गढ़ माने जाने वाले जलपाईगुड़ी, दार्जिलिंग और कालिम्पोंग में भी पार्टी उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला होगा। इसके अलावा नादिया के 9 सीटों पर भी वोटिंग चल रही है।

Show More

न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

"न्यूज़ मोबाइल हिंदी" एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है जो पाठकों को ताज़ा ख़बरें, गहन विश्लेषण और अपडेट सरल हिंदी में उपलब्ध कराता है। यह राजनीति, खेल, तकनीक, मनोरंजन और बिज़नेस जैसे विषयों पर समाचार प्रस्तुत करता है। साथ ही, इसमें फ़ैक्ट चेक (Fact Check) सेक्शन भी है, जिसके ज़रिए झूठी या भ्रामक ख़बरों की सच्चाई सामने लाकर पाठकों को विश्वसनीय और सही जानकारी दी जाती है। इसका मक़सद है—समाचारों के बीच तथ्य और अफ़वाह में स्पष्ट अंतर दिखाना।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button