Biocon की उत्तराधिकारी होंगी क्लेयर मजूमदार, किरण मजूमदार-शॉ ने बताया भविष्य का प्लान

किरण मजूमदार-शॉ ने अपनी बायोटेक कंपनी बायोकॉन के लिए उत्तराधिकार की योजना साफ कर दी है। कंपनी की संस्थापक और चेयरपर्सन किरण मजूमदार-शॉ ने अपनी भतीजी क्लेयर मजूमदार को अपना उत्तराधिकारी चुना है। एक इंटरव्यू में किरण मजूमदार-शॉ ने कहा कि उनके कोई बच्चे नहीं हैं, इसलिए वह चाहती हैं कि बायोकॉन का भविष्य सही हाथों में जाए। उन्होंने कहा कि क्लेयर ने अपनी क्षमता साबित की है और वह कंपनी को आगे बढ़ाने के लिए सही विकल्प हैं।
किरण मजूमदार-शॉ ने कहा, “मैं बायोकॉन की एकमात्र मालिक हूं और मुझे सुनिश्चित करना है कि कंपनी सुरक्षित और सक्षम नेतृत्व के हाथों में जाए।” हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि फिलहाल वह रिटायर होने की योजना नहीं बना रही हैं और यह बदलाव धीरे-धीरे होगा।
37 वर्षीय क्लेयर मजूमदार फिलहाल बिकारा थेराप्यूटिक्स की संस्थापक और CEO हैं। यह कंपनी NASDAQ में लिस्टेड है और Biocon द्वारा शुरू की गई थी। क्लेयर ने मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी और स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की है। उनके पास कैंसर बायोलॉजी में PhD की डिग्री भी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, बिकारा थेराप्यूटिक्स की मार्केट वैल्यू 1.6 बिलियन डॉलर से ज्यादा है। Biocon ने हाल ही में अपने बिजनेस स्ट्रक्चर में भी कई बदलाव किए हैं। कंपनी ने जेनेरिक और बायोलॉजिक्स बिजनेस को मर्ज किया है, कर्ज कम किया है और अपने ऑपरेशन को आसान बनाया है। फिलहाल कंपनी का फोकस बायोसिमिलर्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर है।
कंपनी में अन्य नेतृत्व बदलाव भी हो रहे हैं। श्रीहंस तांबे को बायोकॉन बायोलॉजिक्स का CEO और MD बनाया गया है, जबकि सिद्धार्थ मित्तल 1 जुलाई से सिंजीन इंटरनेशनल की कमान संभालेंगे। किरण मजूमदार-शॉ का कहना है कि आने वाले समय में Biocon की ग्रोथ बायोसिमिलर्स, नई बायोलॉजिक दवाओं और रिसर्च में AI के इस्तेमाल पर आधारित होगी।





